नयागांव। मूसलाधार बारिश के चलते तीन गांवों का संपर्क मोहाली व चंडीगढ़ से टूट गया है। लोग गांव में ही फंस गए हैं। नहर का पानी रास्ते पर बहना शुरू हो गया है। वहीं, कई जगहों पर फसलों को भी नुकसान हुआ है।
बुधवार को हुई मूसलाधार बारिश के चलते जिले के गांवों में भारी नुकसान हुआ है। तीन गांवों का संपर्क मोहाली व चंडीगढ़ सहित बाहर से टूट गया है। किसानों की फसलों को भी नुकसान हुआ है। किसानों ने सरकार से मुआवजे की मांग की है। ग्रामीण इलाकों में पानी का बहाव बढ़ गया, जिस कारण गांव बाघिण्डी, करोंदेवाला एवं मसोल का दूसरे इलाकों से संपर्क टूट गया है। लोगों ने बताया है कि गांव के रास्ते में आने वाली नहरों के ऊपर पुल का न होना बहुत पुरानी समस्या है। अभी तक पुल का निर्माण न होने के कारण रास्ते के ऊपर से पानी का तेज बहाव है। इस कारण जो ग्रामीण गांव से बाहर गए थे, वह बाहर ही फंसे हुए हैं और जो गांव में थे, वह भी कहीं नहीं जा सकते।
ग्रामीणों ने मक्का ज्वार एवं बाजरा जैसी फसलें लगाई हुई थीं, जोकि बारिश के चलते नष्ट हो गई हैं। किसानों ने सरकार से मांग की है कि मंदी के इस दौर में फसलों को हुए नुकसान का मुआवजा दिया जाना चाहिए।
इन तीनों गांवों के रास्ते में जयंति माजरी नहर आती है।इसके ऊपर सरकार ने अब तक कोई पुल नहीं बनाया है। इस कारण जब भी बारिश होती है, तो बरसात का पानी सड़क के ऊपर बहने लगता है। पानी का बहाव इतना तेज होता है कि वहां से निकलना जान को जोखिम में डालने वाला है। पिछले काफी समय से ग्रामीण सरकार से पुल के लिए मांग करते आ रहे हैं, लेकिन समस्या ज्यों की त्यों बनी हुई है।
बंद हो गए रास्ते
बुधवार को हुई बारिश के कारण गांव के सारे रास्ते बंद हो गए हैं। गांव के रास्ते में जो दो पुल बनाए जा रहे थे, उनकी मिट्टी भी बारिश के बहाव के कारण कट गई है। बिजली के खंभे भी टूटे हैं। हमारा गांव आजादी के बाद से अब तक पिछड़ा हुआ है, सरकार से मांग है कि हमारे इलाके के विकास कार्य की योजनाओं में तेजी लाई जाए। - रामकरण, निवासी गांव करोंदेवाला