खरड़। दशमेश नगर सेक्टर-15 में लावारिस कुत्तों की बढ़ती संख्या से इलाके के लोग दहशत में हैं। हालात ऐसे हो गए हैं कि बुजुर्गों, बच्चों और महिलाओं का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। सुबह-शाम टहलना तो दूर, रोजमर्रा के कामों के लिए बाहर जाना भी जोखिम भरा हो गया है। इलाका निवासी हरप्रीत सिंह, उजागर सिंह और कुलबीर सिंह ने बताया कि कई बार प्रशासन और नगर परिषद को शिकायत दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
लोगों का कहना है कि आवारा कुत्तों के झुंड गलियों और सड़कों पर घूमते रहते हैं, जिससे हर समय काटने का डर बना रहता है। बच्चों को स्कूल भेजने और बुजुर्गों के लिए दवा लेने तक में परेशानी हो रही है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि नगर परिषद के अधिकारी उनकी समस्याएं सुनने को तैयार नहीं हैं। न तो कुत्तों को पकड़ने की कोई व्यवस्था है और न ही नसबंदी या अन्य स्थायी समाधान की योजना। लोगों का कहना है कि कई बार अधिकारियों से संपर्क करने के बावजूद सिर्फ आश्वासन ही मिलते हैं। इलाके के लोगों ने प्रशासन और नगर परिषद से मांग की है कि जल्द से जल्द आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए व्यापक प्रबंध किए जाएं।