शिकायतों की खुद एसपी करेंगे जांच, धारा 64-ए के तहत पीड़ित का करवाया जाएगा इलाज
संवाद न्यूज एजेंसी
मोहाली। नशे दवाओं की तस्करी को रोकने के लिए पुलिस प्रशासन ने हेल्पलाइन नंबर 80541-00112 जारी कर दिया है। इस नंबर पर आने वाली शिकायतों की जांच खुद एसपी करेंगे। अधिकारियों के साथ हुई बैठक में फैसला लिया कि धारा 64-ए के तहत पीड़ित का इलाज करवाया जाएगा।
जिला पुलिस प्रशासन ने हेल्पलाइन नंबर जारी कर लोगों से नशा तस्करों के बारे में जानकारी मांगी है। इस नंबर पर आने वाली शिकायतों की खुद एसपी मोहाली जांच करेंगे। नारको को-ऑर्डिनेशन सेंटर मेकेनिज्म कमेटी की बैठक में अतिरिक्त डीसी (जनरल) विराज श्यामकरन तिड़के ने कहा कि पंजाब सरकार नशा तस्करों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर रही है।
नारको को-ऑर्डिनेशन सेंटर मेकेनिज्म का उद्देश्य व्यापक स्तर पर जागरूकता लाने के अलावा नशे की दवाओं पर अंकुश लगाने के लिए विभिन्न विभागों के साथ तालमेल से प्रगति व रणनीति पर चर्चा और समीक्षा करना है। जिला पुलिस ने जिला प्रशासन के सहयोग से नशा तस्करों के साथ पीड़ितों की जानकारी देने के लिए यह हेल्पलाइन शुरू की है। इससे पीड़ितों को लगी नशे की लत का उचित इलाज कराकर पुनर्वास में मदद की जाएगी।
नशे की आदत डालने वाली मेडिकल दवाओं पर नजर रखने के लिए 80 दवाओं के स्टोर का निरीक्षण किया गया। इसी प्रकार गुणवत्ता बनाए रखने के साथ-साथ अन्य जांचों के लिए दवाओं के 113 सैंपल लिए गए हैं। उन्होंने बताया कि अब तक ड्रग एंड कॉस्मेटिक अधिनियम का उल्लंघन करने वाले 07 लाइसेंस निलंबित कर दिए गए हैं। इसके अलावा विभिन्न अदालतों में 51 मामले दायर किए जा रहे हैं। एडीसी ने राज्य जीएसटी विभाग को दवाओं के भारी लेनदेन के अलावा बड़ी मात्रा और आपूर्ति की बिलिंग पर भी सतर्क रहने के निर्देश दिए।
स्कूल शिक्षा विभाग, युवा सेवा और नेहरू युवा केंद्र के अधिकारियों को उन छात्रों के बीच अधिकतम जागरूकता फैलाने के लिए कहा जो कम उम्र के कारण नशे की लत में आ सकते हैं। ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग को वन विभाग के साथ मिलकर गांवों से झाड़ियों जैसी जगहों पर छिपने के स्थानों को हटाने के लिए कहा है। पुलिस अधिकारियों को किसी भी संदिग्ध पदार्थ के परिवहन को रोकने के लिए स्विगी, जोमैटो के जरिये एक स्थान से दूसरे स्थान तक वितरित पार्सल की अचनचेत चेकिंग करने के निर्देश दिए हैं।
बैठक में भाग लेने वाले अधिकारियों में एसपी (यातायात और उद्योग) एचएस मान, एसडीएम डेराबस्सी हिमांशु गुप्ता, एसडीएम मोहाली चंद्रज्योति सिंह, तहसीलदार खरड़ जसविंदर सिंह, सिविल सर्जन डॉ. महेश कुमार, उप चिकित्सा आयुक्त डॉ. परविंदर पाल कौर, जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) डॉ. गिन्नी दुग्गल और अन्य विभागों के प्रतिनिधि शामिल थे।