मोहाली। अकाली नेता के दो भाइयों की जमीन के जाली दस्तावेज तैयार कर तस्करी में बंद आरोपियों की जमानत करवाने का मामला सामने आया है। अकाली नेता ने इसकी शिकायत पुलिस को दी है। जमानत पर रिहा होने के बाद तस्कर लगातार गैर हाजिर रहे। इसके बाद कोर्ट ने जमीन जब्त कर ली।
अकाली दल के हलका इंचार्ज परविंदर सिंह सोहाना के दो भाइयों की जमीन के जाली दस्तावेज तैयार कर आरोपियों ने तस्करों की जमानत करवा ली है। सोहाना ने बताया कि यह खुलासा तब हुआ तब उन्होंने अपने भाई मनमोहन सिंह और दविंदर सिंह के जमीन की लिमिट बनाने के लिए फर्द निकलवाई। इसके बाद उनको पता चला कि मोहाली की कोर्ट ने उनकी जमीन जब्त कर ली है। इसके बाद वह तुरंत कोर्ट पहुंचे और उक्त जमीन पर जमानत करवाने वालों का रिकार्ड निकलवाय। सामने आया कि आरोपियों ने उनके नाम पर जाली पहचान पत्र बनाकर एडीशनल सेशन जज की अदालत में लगाकर और उनके नाम की जमीन की फर्द अदालत में लाकर नशा तस्करी के आरोप में गिरफ्तार दो आरोपियों की जमानत करवाई है। उन्होंने बताया कि उनके भाई पगड़ी धारी हैं।
जिन लोगों ने जमानत दी है वह पगड़ीधारी नहीं हैं। उनकी कोर्ट में जमानत के दौरान फोटो भी लगी हुई है। सोहाना ने बताया कि जो जाली जमानतें दी गई हैं, वह देव किशन और बान सिंह निवासी यूपी की थी। उनको लालड़ू पुलिस ने 4 मई 2024 को एक किलो अफीम के साथ काबू किया था। जमानत मिलने के बाद जेल से बाहर आकर लगातार गैर हाजिर रहने पर एडीशनल सेशन जज ने जमीन जब्त कर ली। इस मामले में कोर्ट से सभी दस्तावेज प्राप्त करके एसएसपी मोहाली को शिकायत दी गई है। जांच करते हुए सोहाना पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। इस मामले में डीएसपी हरसिमरन बल ने बताया कि पुलिस उक्त आरोपियों का ढूंढ रही है।