11 को श्री फतेहगढ़ साहिब से चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर स्थित कौमी इंसाफ मोर्चे पर पहुंचेगा मार्च
संवाद न्यूज एजेसी
मोहाली। बंदी सिखों की रिहाई के लिए चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर पर प्रदर्शन कर रहे कौमी इंसाफ को एक साल हो गया है। सर्दी-गर्मी हर मौसम से प्रदर्शनकारी अपना घर काम छोड़ चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर स्थित वाईपीएस चौक पर मांगों के लिए बैठे हैं। इस मौके पर रविवार को कौमी इंसाफ मोर्चा की विशाल जनसभा होने जा रही है। इसके बाद 11 जनवरी को एक मार्च निकलेगा, जो फतेहगढ़ साहिब से कौमी इंसाफ मोर्चा स्थल पर पहुंचेगा।
जानकारी देते हुए मोर्चे के संयोजक पॉल सिंह फ्रांस ने बताया कि एक साल से वह संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन सरकार इस ओर ध्यान नहीं दे रही। इस मार्च का मकसद मांगों को पूरा करने के लिए सरकार पर दबाव बनाना है। गौरतलब है कि सात जनवरी से लेकर अब तक जेलों में बंद सिखों की रिहाई के लिए मोर्चे पर डटे हैं। यह मामला हाईकोर्ट भी चल रहा है। अब तक कई मार्च और प्रदर्शन किए। आठ फरवरी को मार्च चंडीगढ़ की तरफ निकला था, इस दौरान फेज-3ए के पास प्रदर्शनकारियों की पुलिस के साथ झड़प भी हुई। रोज 31 सदस्यीय जत्था मोहाली-चंडीगढ़ बॉर्डर पर जाकर सतनाम वाहेगुरु का जाप करता है। 15 अगस्त को शहर में ट्रैक्टर मार्च भी निकाला था। इस दौरान कई निहंग और सिखों को जान भी गंवानी पड़ी। इस प्रदर्शन के बाद कुछ बंदी सिख रिहा भी हुए। बाकी सिखों की रिहाई के लिए प्रदर्शन लगातार जारी है।