पीटर चाक ने आगाह किया कि अमेरिका की तरफ से पाकिस्तान के साथ दोहरे किरदार की गेम की जा रही है क्योंकि उसकी अफगानिस्तान में रणनीतिक दिलचस्पी है। यही कारण है कि अमेरिका की तरफ से पाकिस्तान के खिलाफ सख्त स्टैंड नहीं लिया जा रहा है।
ड्रोन हमले से निटने की रणनीति तैयार करनी होगी
आतंकी हमलों में ड्रोन के प्रयोग पर भी पीटर चॉक ने चिंता जताई। उन्होंने कहा कि इससे निपटने के लिए टेक्नोलॉजी व अन्य सिस्टमों का प्रयोग करना चाहिए। ऐसे जवाबी हमलों में भरोसे को यकीनी बनाना महत्वपूर्ण है।
रैफरेंडम-2020 के लिए युवाओं को कट्टरवाद से जोड़ रहे दहशतगर्द
रैफरेंडम-2020 पर पीटर चाक ने कहा कि उनका मानना है कि अमेरिका, यूके व कनाडा में सरगर्मियां चला रहे विदेशी ग्रुपों व पाकिस्तान में खालिस्तान पक्षीय दहशतगर्दों में मौजूदा समय में युवाओं को कट्टरवाद की राह पर जोड़ने के लिए सक्रिय है। वह इस काम के लिए सोशल मीडिया का सहारा ले रहे हैं।
आईएसआई कश्मीर में गड़बडी के साथ ही पंजाब को अस्थिर करने की कोशिश कर रहे हैं। डॉ. चॉक ने सुझाव दिया कि राज्य सरकार ऐसे समूहों की शिनाख्त करे और साथ में ही पाकिस्तान की परोक्ष जंग का मुकाबला करने के लिए लोगों से जोड़ा जाए।