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रातोंरात बिल्डरों ने काट डाली तीन अवैध कॉलोनियां, गमाडा ने ढहाए 25 अवैध निर्माण

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मोहाली। जिले में बिल्डरों के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि गमाडा से परमिशन लिए बिना ही धड़ल्ले से एक के बाद एक अवैध कॉलोनियां काट रहे हैं। एसी ही तीन अवैध कॉलोनियां गांव रसनहेड़ी और त्रिपड़ी में काटी जा रही थी। इसकी सूचना मिलते ही गमाडा की टीम जेसीबी के साथ मौके पर पहुंची और यहां बनाए जा रहे अवैध मकानों को ढहाया। इस दौरान जेसीबी की मदद से कॉलोनी में बनाई गई सड़कों को भी उखाड़ दिया गया। गमाडा के एसडीओ हरप्रीत सिंह ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि इस इलाके में अवैध मकानों को गिराने की मुहिम चलती रहेगी साथ ही नियम तोड़कर यहां अवैध कॉलोनियां बनाने वाले बिल्डरों के खिलाफ केस दर्ज किए जाएंगे।
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जानकारी के मुताबिक जिन दो गांवों में तीन अवैध कॉलोनियां काटी गई थीं, वह खरड़ के इलाके में ही पड़ते हैं। गमाडा को सूचना मिली थी कि उनके इलाके में बिल्डरों की ओर से रातोंरात अवैध कॉलोनियां काटी जा रही हैं और यहां पर अवैध मकान बनाए जा रहे हैं। इसके बाद गमाडा की टीम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। यहां देखा कि अवैध निर्माण कार्य बड़े जोर से चल रहा था। जब वहां पर काम कर रहे लोगों से इस बारे में पूछा तो वह कोई उचित जवाब नहीं दे पाए। इसके बाद गमाडा ने इस इलाके की पहले वीडियोग्राफी करवाई। इसके बाद जेसीबी की मदद से 25 अवैध मकानों को ढहा दिया गया।
गमाडा अब तक गिरा चुका 200 अवैध निर्माण
गमाडा के अधिकारियों ने बताया कि यह सभी मकान खेतीबाड़ी की जमीन पर बनाए जा रहे थे। इनके निर्माण के लिए किसी तरह की कोई अनुमति नहीं ली गई थी। अवैध कॉलोनियां काटने से रोकने के लिए गमाडा की ओर से स्पेशल टीम गठित की गई है। अवैध निर्माण गिराने से पहले गमाडा की टीमों की ओर से पहले लोगों को शो कॉज नोटिस दिए जाते हैं। इसके बाद निर्माण तोड़े जाते हैं। अगर बाद में भी कोई बाज नहीं आता है तो उसके खिलाफ केस दर्ज किए जाते हैं। इससे पहले गमाडा की टीम यहां पर करीब 200 अवैध निर्माण गिरा चुकी है।
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नहीं रखा था कॉलोनियों का नाम
गमाडा के अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक जिन कॉलोनियों में अवैध निर्माण गिराया गया है, उनके अभी तक नाम नहीं रखे गए थे। यहां पर बिल्डर अपने जानकारों को ही प्लॉट बेच रहे थे और प्लॉट मालिक अवैध निर्माण कर रहे थे। अभी इन कॉलोनियों के नाम नहीं रखे गए थे। इससे पहले ही गमाडा ने कार्रवाई कर अवैध निर्माण गिरा दिए। बता दें कि इससे पहले मुल्लांपुर के नजदीक स्थित एक गांव में भी ऐसा मामला सामने आया था। यहां पर एक नामी रियल स्टेट कंपनी ने अवैध कॉलोनी काट दी थी। लोगों को प्लॉट बेचकर उनसे करोड़ों रुपये ले लिए गए थे। खुलासा होने के बाद प्लॉट मालिकों की रकम वापस करने के लिए उनको चेक दिए गए थे।
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