मोहाली। नगर निगम के मेयर और भाजपा नेता अमरजीत सिंह जीती सिद्धू ने सोमवार को फिर से कांग्रेसी पार्षदों से मीटिंग के बहाने शक्ति प्रदर्शन किया। साथ ही विधायक कुलवंत सिंह पर जुबानी हमला बोला है। उन्होंने कहा कि विधायक ने नगर निगम में तब्दीली को लेकर जो बयान दिया है, वह मात्र उनका एक सपना है। मेयर ने दावा किया है कि आम आदमी पार्टी के कुछ भी पार्षद उनके संपर्क हैं। साथ ही उन्हें चालीस पार्षदों का समर्थन है। विरोधी दल के नेता यह सपना देखना भूल जाएं कि नगर निगम में कोई तब्दीली संभव है। इस अवसर पर कांग्रेस से निष्कासित सीनियर डिप्टी मेयर अमरीक सिंह सोमल और डिप्टी मेयर कुलजीत सिंह बेदी भी मौजूद थे।
इस दौरान पहले मेयर ने पार्षदों के उनके वार्डों में आ रही दिक्कतों को लेकर मीटिंग की। साथ ही जाते हुए उन्होंने मेयर को विश्वास दिलाया कि वह इलाके के विकास के लिए हर स्थिति में उनके साथ हैं। दूसरी ओर मेयर ने अधिकारियों को पार्षदों के एरिया में आ रही दिक्कतों को पहल के आधार पर हल करने के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि कोई भी उन्हें पद से हटाने के लिए प्रयास कर लें। वह इसमें कामयाब नहीं हो पाएंगे।
इस मौके पर पार्षद सुच्चा सिंह कलोड़, कमलप्रीत सिंह बन्नी, पमरजीत सिंह हैप्पी, नच्छतर सिंह नंबरदार, अशोक कौंडल, हर दियाल छड़बड़, गुरसाहिब सिंह, जसबीर सिंह माणकू, लखवीर सिंह, अनु पिंका और अन्य पार्षद मौजूद थे। बता दें कि विधायक कुलवंत सिंह ने बयान दिया था कि मोहाली की राजनीति में बड़ा फेरबदल होगा। इसके बाद इस संबंधी बयान आया था।
यह है नगर निगम की मौजूदा स्थिति
बात दें कि नगर निगम में 50 वार्ड हैं। इनमें से 37 वार्डों पर कांग्रेस के पार्षद, दस पर आजाद ग्रुप, दो आप के और एक निर्दलीय पार्षद है। जबकि अब समीकरण थोड़े बदले हैं। कांग्रेस के एक पार्षद एवं मेयर अमरजीत सिंह जीती सिद्धू भाजपा ज्वाइन कर चुके हैं। जबकि कांग्रेस ने दो पार्षदों को पार्टी विरोधी गतिविधियों के चलते पार्टी निष्कासित कर दिया है। उन्होंने भाजपा ज्वाइन नहीं की है, लेकिन वह मेयर का समर्थन कर रहे हैं। कांग्रेस के पार्षद दो गुटों में बंटे हुए हैं। इनमें से अधिकतर का मेयर को समर्थन है। आजाद ग्रुप से चुनाव जीती एक महिला पार्षद अब अकाली दल में शामिल हो चुकी है।