जीरकपुर। पंजाब को सबसे ज्यादा राजस्व देने वाली नगर परिषद जीरकपुर में लोग मूलभूत सुविधाओं को भी तरस रहे हैं। कहने को तो नगर परिषद में लिफ्ट है, लेकिन यह सिर्फ एक-दो बार ही चली है।
ऐसा नहीं है कि यह लिफ्ट खराब हो चुकी है। ठीक होने के बावजूद इसे चलाया नहीं जा रहा है। नगर परिषद की लिफ्ट बंद होने से सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्गों को उठानी पड़ती है। तीसरी मंजिल तक पहुंचने के लिए उन्हें बीच में कई बार बैठकर आराम करना पड़ता है।
बुजुर्गों का कहना है कि यदि नगर परिषद लिफ्ट की सुविधा नहीं दे सकता है तो कार्यालय के बाहर ही एक काउंटर लगा दिया जाए। लिफ्ट को क्यों बंद किया गया है इसके बारे में अधिकारी कुछ भी बोलने से बच रहे हैं। बता दें कि नगर परिषद के रोज सैकड़ों लोग काम करवाने के लिए आते हैं। इनमें से करीब 30 फीसदी लोग बुजुर्ग होते हैं। ऐसे में लोगों की सुविधा को देखते हुए नगर परिषद को लिफ्ट चला देनी चाहिए।
क्या कहते हैं लोग...
मैं वीआइपी रोड स्थित सोसाइटी में रहती हूं। घुटनों में अक्सर दर्द रहने के कारण चलने में परेशानी होती है। नगर परिषद में लिफ्ट न चलने के बारे में पता चला तो मैं काम करवाने ही नहीं गई। -मनमोहन कौर
मैं अपने दादा जी को लेकर नगर परिषद आया था। वह नेत्रहीन हैं, उन्हें सीढ़ियां चढ़ने-उतरने में काफी परेशानी उठानी पड़ी। अगर लिफ्ट चलती तो उन्हें काफी सुविधा मिलती। -मनदीप सिंह
अक्सर काम के सिलसिले में यहां आना-जाना लगा रहता है। परिषद स्टाफ की एक महिला विकलांग है जब उसका ही दफ्तर नीचे नहीं शिफ्ट किया गया तो और लोगों को क्या सुविधा मिलेगी। -जसवंत सिंह
मैं लोन संबंधी काम करवाने के लिए नगर परिषद आई थी। काम करवाने के लिए पहली और दूसरी मंजिल पर जाना पड़ता है। मैं जितनी बार यहां आई हूं, लिफ्ट बंद ही मिलती है। -महिंदर कौर
कोट्...
पहले नगर परिषद की लिफ्ट खराब हो गई थी, जिसे ठीक करवाकर चला दिया गया था। अब कोविड-19 के मद्देनजर इसे बंद किया गया है। अगर लोग चाहते हैं कि लिफ्ट चलाई जाए तो इस पर विचार किया जाएगा। -संदीप तिवारी, ईओ, जीरकपुर नगर परिषद।