मोहाली की प्रमुख सड़कों पर रात के समय सफर करना आसान नहीं है। यहां बैरिकेड्स के सहारे लोगों की सुरक्षा हो रही है। अमर उजाला की टीम शहर के प्रमुख एंट्री प्वाइंट पर सुरक्षा व्यवस्था जांचने के लिए निकली तो फेज-5 व फेज-3बी2 मार्केट को छोड़कर बाकी जगह से पुलिसकर्मी नदारद मिले। यह हाल केवल एक जगह का नहीं, बल्कि वीआईपी सेक्टरों से लेकर इंडस्ट्रियल एरिया तक के हैं। टीम ने गुरुवार रात 9.30 से 11.45 बजे तक पूरे इलाके का दौरा किया।
समय : रात 9:40 बजे
बस स्टैंड की सड़क 10 बजे से पहले ही सुनसान
फेज-1 बाबा बंदा सिंह बहादुर बस स्टैंड से लेकर फेज-1 थाने तक अधिकतर स्ट्रीट लाइट्स बंद पड़ी हैं। वहीं, कोई पुलिसकर्मी तैनात नहीं था। यह सड़क शहर की प्रमुख सड़कों में से एक मानी जाती है और अधिकतर लोग इस प्रमुख सड़क से होकर मोहाली में काम करने के लिए जाते हैं। इस सड़क पर पहले कई वारदात हो चुकी हैं और यह एरिया एक्सीडेंट प्रोन एरिया में शामिल है।
समय : रात 10:37 बजे
बुड़ैल जेल में बम मिलने के बाद भी सुरक्षा नाममात्र
टीम सबसे पहले सेक्टर-45 बुड़ैल जेल से मोहाली फेज-9 को आने वाली सड़क पर पहुंची। वहां पुलिस सुरक्षा के इंतजाम नाममात्र थे। बुड़ैल जेल के पीछे नाम के लिए वहां पर बैरिकेड्स लगाए हुए हैं और जेल के पास बम मिलने के बाद मोहाली पुलिस ने अपने इलाके में बैरिकेड और बैरक बना दी है लेकिन वहां कोई कर्मचारी तैनात नहीं किया। इतना ही नहीं यहां स्ट्रीट लाइट्स तक बंद पड़ी हैं। इस इलाके से फेज-9 आने तक करीब आधा किलोमीटर तक का इलाका पूरी तरह से सुनसान है। यहां वारदात को आसानी से अंजाम दिया जा सकता है।
समय : रात 11:00 बजे
वाईपीएस चौक पर बंकर व बैरिकेड ही कर रहे सुरक्षा
चंडीगढ़ से वाईपीएस चौक होते हुए फेज-7 लाइट प्वाइंट आने वाली मुख्य सड़कपर रात को कोई पुलिसकर्मी तैनात नहीं था। सड़क किनारे केवल बंकर व बैरिकेड नजर आए। इस इलाके में कई वारदातें हो चुकी हैं। अक्सर देर रात यहां लोग आते-जाते रहते हैं।
समय : रात 11:30 बजे
एयरपोर्ट रोड पर गुरुद्वारा सिंह शहीदां से लेकर राधा स्वामी सत्संग चौक सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं थे। यहां पर लावारिस पशु और बैरिकेड्स ही थे, जो लोगों की सुरक्षा करते नजर आए।
समय : 11:45 बजे
इंडस्ट्रियल एरिया फेज-8 की सुरक्षा भी रामभरोसे
इंडस्ट्रियल एरिया, चप्पड़चिड़ी वाली सड़क पर हर जगह अंधेरा था। इसके अलावा वहां पुलिसकर्मी भी तैनात नहीं थे। इंडस्ट्रियल एरिया फेज-8बी से जाने वाली सड़क पर भी कोई पीसीआर पार्टी या सुरक्षाकर्मी मौजूद नहीं था जबकि यह रोड सेकेंड लाइफलाइन मानी जाती है। अधिकतर खरड़ और साथ लगते कुराली जाने वाले अधिकतर लोग इसी रास्ते का इस्तेमाल करते हैं। इस सड़क पर कार लूटने की दो-तीन वारदातें हो चुकी हैं। इसके अलावा फेज-8 इंडस्ट्रियल एरिया पड़ता है जहां देर रात शिफ्ट खत्म कर युवा अपने घर जाते हैं।