मोहाली। नगर निगम शहर में अवैध कब्जों के खिलाफ लगातार कार्रवाई करने का दावा करता है, लेकिन शहर में अवैध कब्जे अपनी कहानी खुद बयां करते हैं। इस बीच शहर में रेहड़ी-फड़ियों के कब्जे आम बात हो गए हैं। अब इन अवैध कब्जाधारियों ने मुख्य सड़कों के किनारे ढांचे बनाकर स्थाई कब्जा कर लिया है और बाकायदा बोर्ड लगाकर दुकानें चला रहे हैं। फेज 11 में शोरूम के सामने वाली सड़क और फेज-11 के मंदिर से पहले मुख्य सड़क के किनारे बने फुटपाथ की हालत भी ऐसी ही है, जहां एक दुकानदार ने फुटपाथ की जगह पूरी दुकान बना ली है। सड़क के किनारे बाकायदा बोर्ड लगाकर सामान बेच रहे हैं। इस दुकानदार ने मुख्य सड़क के किनारे कब्जा कर रखा है, इसलिए उसने टेबल भी मुख्य सड़क पर लगा रखी है, जहां रात के समय ग्राहकों को खाना खिलाया जाता है और उसे रोकने वाला कोई नहीं है।पूर्व पार्षद ने की कार्रवाई की मांग
इस संबंध में पूर्व पार्षद परमजीत सिंह काहलों ने कहा कि आश्चर्य की बात है कि मुख्य सड़क के किनारे हुए अवैध कब्जे पर मेयर और नगर निगम के अधिकारियों की नजर नहीं पड़ती या फिर वे सभी जानबूझकर अपनी आंखें मूंदे हैं। नगर निगम की मिलीभगत से शहर में जगह-जगह कब्जे हो रहे हैं और उनकी आड़ में भ्रष्टाचार का लंबा-चौड़ा कारोबार चल रहा है। मुख्य सड़क के किनारे मंदिर से सटी जगह पर हो रहे इस अवैध कब्जे को तत्काल रोका जाए और इस संबंध में त्वरित कार्रवाई की जानी चाहिए।
मामला कोर्ट में, फैसला का इंतजार
इस संबंध में संपर्क करने पर नगर निगम के सहायक कमिश्नर मनप्रीत सिंह ने कहा कि इस दुकानदार का मामला कोर्ट में है, जिस कारण नगर निगम उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं कर सकता। नगर निगम के मेयर अमरजीत सिंह जीती सिद्धू ने कहा कि यह कब्जा कई सालों से है और मामला माननीय अदालत में लंबित होने के कारण कब्जा जारी है। इस मामले की पैरवी नगर निगम द्वारा की जा रही है और जल्द ही इस पर फैसला आने वाला है और कोर्ट के फैसले के बाद इस मामले में उचित कार्रवाई की जाएगी।