मोहाली। शहर के फेज-6 में स्थित मेजर हरमिंदर पाल सिंह सरकारी कॉलेज की तीन एकड़ जगह डॉ. बीआर आंबेडकर स्टेट मेडिकल साइंस कॉलेज को दी गई है। यहां पर मेडिकल कॉलेज के अधीन आने वाले नर्सिंग, आयुर्वेदिक और इससे जुड़े अन्य विभाग की लैब भी बनाई जाएगी। साथ ही अब सेहत विभाग की टीम ने जमीन पर कब्जा लेने की तैयारी शुरू कर दी है।
इस मामले को लेकर सेहत विभाग के अधिकारियों ने वीरवार को उक्त जगह का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। सरकारी कॉलेज की प्रिंसिपल जतिंदर कौर ने बताया तीन एकड़ जमीन मेडिकल कॉलेज को देने का फैसला सरकार की तरफ से हो चुका है। कॉलेज के सभी फैसले सेक्रेटरी लेवल पर लिए जाते हैं। ऐसे में हम इसमें कुछ नहीं कर सकते है।
जानकारी के मुताबिक राज्य सरकार की ओर से फेज-6 में ही डॉ. बीआर आंबेडकर स्टेट मेडिकल साइंस कॉलेज स्थापित किया जा रहा है। सेहत विभाग की बिल्डिंग और सिविल अस्पताल को मेडिकल कॉलेज के अधीन पहले लिया चुका है। इसके साथ ही जुझारनगर में मेडिकल कॉलेज के लिए जगह रखी गई है। लेकिन सेहत विभाग की कोशिश थी कि मेडिकल कॉलेज के प्रमुख विभाग एक साथ ही स्थापित हों, जिससे वहां पर आने वाले मरीजों को किसी भी तरह की परेशानी न हो। इस कारण इस दिशा में कार्रवाई की गई है। काफी समय से सेहत विभाग की टीमें उक्त इलाके का दौरा कर रही थी और पूरी योजना बनाकर यह कार्रवाई की गई।
बता दें कि सेहत विभाग के पास फेज-6 सिविल अस्पताल के अंदर भी काफी जगह थी। कुछ समय पहले सरकार ने एक निजी अस्पताल को यह जगह दे दी थी। जिसको लेकर काफी सवाल उठे थे।
मामला सीएम तक पहुंचा, फिर भी नहीं बनी बात
जानकारी के मुताबिक फेज-6 स्थित सरकारी कॉलेज में काफी जमीन एरिया में बसा हुआ है। कॉलेज का ग्राउंड काफी बड़ा है। यहीं पर जिला और राज्य स्तरीय समागम होते थे। इससे पहले सरकारी कॉलेज के लिए 28 एकड़ जमीन आवंटित की गई थी। जिसमें से तीन एकड़ जमीन शूटिंग रेंज को दे दी गई। कॉलेज के पास अभी करीब 20 एकड़ जमीन है। हालांकि इस मामले में कॉलेज की ओल्ड एसोसिएशन ने सीएम पंजाब कैप्टन अमरिंदर सिंह से मुलाकात की थी और यह मामला उठाया था। लेकिन इसका कोई हल नहीं निकाला।