मोहाली। शिवरात्रि की रात करीब डेढ़ बजे फेज-11 में मंदिर से पूजा कर लौट रहे 27 वर्षीय युवक को कुछ लोगों ने किरच मारकर घायल कर दिया। 13/14 फरवरी की दरमियानी रात परिजनों ने उसको फोर्टिस अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी सोमवार को मौत हो गई। अस्पताल पर इलाज में देरी और हमलावरों को पकड़ने की मांग पर परिजनों ने सुबह अस्पताल के बाहर प्रदर्शन कर जाम लगा दिया। उसी अस्पताल में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के भर्ती होने के कारण सुरक्षा भी कड़ी थी। मृतक की पहचान गुरसेव सिंह भंगू उर्फ शगन भंगू (27) के रूप में हुई है। उसका परिवार मूल रूप से हरियाणा के जिला टोहाना के गांव थरबी का रहने वाला है। वर्तमान में युवक मोहाली के फेज-11 में अपनी मासी के पास रह रहा था। गुरसेव यहां इमिग्रेशन कंपनी चलाता था। वह अपने माता-पिता की इकलौती संतान था। पुलिस ने सनप्रीत सिंह की शिकायत पर थाना फेज-11 में अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
मृतक के पिता बलविंदर सिंह ने बताया कि शनिवार रात करीब डेढ़ बजे अपने चार दोस्तों के साथ शिवरात्रि पर फेज-11 स्थित लक्ष्मी नारायण मंदिर में पूजा-अर्चना करने गया था। मंदिर परिसर के बाहर कुछ युवक हुल्लड़बाजी कर रहे थे। गुरसेव ने उन्हें हटने के लिए कहा। इसी बात पर कहासुनी हो गई और आरोपियों ने उसके पेट में किरच से वार कर दिए। हमलावर करीब 18 लोग बताए जा रहे हैं जोकि सीसीटीवी कैमरे में भागते नजर आ रहे हैं। गंभीर रूप से घायल गुरसेव सिंह को तुरंत अस्पताल ले जाया गया।
परिजनों ने फोर्टिस अस्पताल पर लगाए गंभीर आरोप
परिजनों ने आरोप लगाया कि अस्पताल में समय पर उपचार नहीं दिया गया। उनका कहना है कि घायल युवक को करीब दो घंटे तक भर्ती नहीं किया गया, इससे उसकी हालत बिगड़ गई। इसी आरोप में परिजनों और समर्थकों ने अस्पताल के बाहर धरना देकर प्रदर्शन किया। उनका आरोप है कि डॉक्टरों ने बिना इलाज किए 12 लाख रुपये का बिल बना दिया। परिजन इस बात पर भी अड़े रहे कि जब तक हमलावरों को पकड़ा नहीं जाता वह शव का पोस्टमार्टम नहीं करवाएंगे।
मौके पर पहुंचे एसएसपी
सूचना मिलते ही एसएसपी हरमनदीप सिंह हंस मौके पर पहुंचे और परिजनों को समझाने का प्रयास किया। उन्होंने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कुछ युवक आपस में हुल्लड़बाजी कर रहे थे। इसी दौरान गुरसेव को किरच मारा गया। पहले हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया गया था, लेकिन युवक की मौत के बाद अब हत्या की धारा जोड़ी गई है। पुलिस ने पांच संदिग्धों को राउंडअप किया है। आरोपियों की पहचान कर ली गई है। मौके से एक बाइक भी जब्त की गई है। एसएसपी ने बताया कि दो घंटे देरी से हुए इलाज के लिए परिजनों को कहा गया है कि मौत के कारणों की पुष्टि के लिए बोर्ड की निगरानी में पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर अगर अस्पताल की लापरवाही सामने आती है तो आगे की कार्रवाई की जाएगी। मृतक के दोस्तों ने दावा किया कि हमलावरों की संख्या 18 थी।
पहले भी दो युवकों की हुई थी हत्या
वर्ष 2024 में 13 नवंबर को मोहाली के गांव कुंभडा में भी दो युवकों की चाकू से गोदकर हत्या कर दी थी। इस हमले के बाद प्रवासियों को पकड़ने तक परिजनों व गांव वालों ने तीन दिन तक सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन किया था। प्रवासियों ने दमन व उसके साथी दिलप्रीत की हत्या कर दी थी। दिलप्रीत की आंख पर चाकू से वार किए थे। इसके अलावा गांव कुंभडा में झिउरा कुआं इलाके में एक बच्चा प्रवासी से टकरा गया था। इसके बाद वह उसे पीटने लगा। जब दो युवक बच्चे को बचाने गए तो मजदूरों ने हमला कर उसकी हत्या कर दी थी।