-वीजा अवधि बढ़ाने की तैयारी, लाहौर हाईकोर्ट के फैसले पर निर्भर
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संवाद न्यूज एजेंसी
अमृतसर। भारत से शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के जत्थे के साथ पाकिस्तान में गुरुधामों के दर्शन के लिए गई कपूरथला की सरबजीत कौर की भारत वापसी फिलहाल टल गई है। पाकिस्तान सरकार ने सर्बजीत को भारत भेजने के बजाय उसकी वीजा अवधि बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि इस्लाम धर्म कबूल करने के बाद उसने अपना नाम नूर फातिमा हुसैन रख लिया है।
पाकिस्तान के गृह राज्य मंत्री मोहम्मद तलाल चौधरी ने सरबजीत को देश निकाला न देने और वीजा बढ़ाने की अपील को हरी झंडी दे दी है। इसके साथ ही लाहौर की अदालत में मामला विचाराधीन होने के कारण उसकी तत्काल वापसी पर रोक लगी है। सरबजीत फिलहाल लाहौर स्थित महिलाओं के शेल्टर होम दार-उल-अमन में रह रही है जहां उसकी नियमित चिकित्सकीय जांच की जा रही है। पाकिस्तानी अधिकारियों का कहना है कि यह कदम उसकी सुरक्षा और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है। सरबजीत के वकील अली चंगेजी संधू ने बताया कि लाहौर हाईकोर्ट में मामला पेंडिंग होने के कारण पाकिस्तान के गृह मंत्रालय ने भारत वापसी के लिए जरूरी एग्जिट परमिट जारी करने पर अस्थायी रोक लगा दी है।
एसजीपीसी ने केंद्र सरकार से की अपील
परिवार और स्थानीय लोग उसकी सुरक्षित वापसी की मांग कर रहे हैं। धार्मिक और सामाजिक संगठनों की निगाह इस मामले पर बनी हुई है। एसजीपीसी ने केंद्र सरकार से राजनयिक हस्तक्षेप की अपील की है। फिलहाल सरबजीत कौर की भारत वापसी लाहौर हाईकोर्ट के फैसले और पाकिस्तानी गृह मंत्रालय के अगले कदम पर निर्भर करेगी। तब तक उसकी वीजा अवधि बढ़ाने की प्रक्रिया जारी रहेगी और वह पाकिस्तान में ही रहेगी।