कांग्रेस ने नगर निगम को चेतावनी दी है कि यदि शहर में पंद्रह दिन के भीतर
विकास कार्य शुरू नहीं हुए तो कांग्रेसी मेयर एवं निगम दफ्तरों पर ताले भी
जड़ सकते हैं।
यह चेतावनी शनिवार को तमाम कांग्रेसी पार्षदों एवं
पदाधिकारियों की सांसद रवनीत सिंह बिट्टू के साथ हुई बैठक के बाद दी गई।
बैठक में सदस्यों ने निगम के कामकाज पर नाराजगी जताई और आरोप लगाया कि
कांग्रेसी पार्षदों के वार्डों के साथ सौतेला व्यवहार किया जा रहा है।
बैठक
में पार्षदों ने जानकारी दी कि अकाली दल और भाजपा के बीच जारी तनातनी को
लेकर 333 विकास कार्य रुके हुए हैं। नतीजतन लोग बुनियादी सुविधाओं से वंचित
हैं। इससे लोगों में भी नाराजगी बढ़ रही है। पार्षदों ने कहा कि इस संबंध
में कई बार निगम के उच्चाधिकारियों से भी बात की गई है, लेकिन कोई हल नहीं
निकल पा रहा है।
कु छ पार्षदों ने कहा कि संपत्ति की ट्रांसफर जैसे मामले
तक लंबित हैं। एनओसी जारी नहीं किए जा रहे हैं। शहर की सड़कों की हालत काफी
खस्ता हो गई है। इनकी मरम्मत का काम भी रुका हुआ है। बिट्टू ने कहा कि
कांग्रेस जनता के हितों की अनदेखी नहीं होने देगी।
इस अवसर पर विधायक सुरिंदर डाबर, भारत भूषण आशू, गुरप्रीत गोगी, पप्पी पराशर, लीना टपारिया समेत कई नेता मौजूद रहे।