पंजाब खेतीबाड़ी यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स से संबंधित खेतीबाड़ी कालेज के अंडर ग्रेजुएट व पोस्ट ग्रेजुएट स्टूडेंट ने शनिवार को पीएयू गेट नंबर दो पर रोष प्रदर्शन किया। साथ ही एक घंटे तक मांगों को लेकर पंजाब सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने के बाद परिसर में रैली निकाली
स्टूडेंट नेताओं ने कहा कि पंजाब का किसान अनाज की पैदावार कर देशवासियों का पेट भर रहा है। आज हालात यह हैं कि किसान आर्थिक तंगी के चलते आत्महत्याएं कर रहा है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार राज्य के विकास को लेकर ईमानदार है तो फिर सभी सरकारी विभागों में ही नई भर्ती करने के समय खेतीबाड़ी विषय से संबंधित योग्यता प्राप्त माहिरों को ही पहल के आधार पर भर्ती करें।
उन्होंने सरकार को यह भी सुझाव दिया कि विशेष तौर पर खेतीबाड़ी, बागबानी, भूमि रक्षा व पशु पालन विभागों के साथ ही सहकारिता, माल, पंचायत व विकास विभागों में खेतीबाड़ी प्रोफेशनल को ही वरीयता दी जाए।
उन्होंने कहा कि एडीओ/एचडीओ/एससीओ की कम से कम योग्यता एमएससी खेतीबाड़ी रखी गई है। इससे बीएससी पास स्टूडेंट्स के साथ अन्याय होगा। खेतीबाड़ी सब इंस्पेक्टर की पोस्ट के लिए योग्यता पल्स टू के बाद दो वर्ष डिप्लोमा इन एग्रीकल्चर रखा गया है। नेताओें ने कहा कि सरकार उनके सुझाव को गंभीरता से नहीं लेती तो आने वाले विधान सभा चुनाव में स्टूडेंट्स के गुस्से का भी सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने यह भी ऐलान किया कि यदि सरकार इस संबंध में जल्द कोई फैसला नहीं लेती तो फिर आने वालें दिनों में पंजाब भर के कालेजों के खेतीबाड़ी स्टूडेंट्स के साथ तालमेल बनाते हुए तीखे आंदोलन का बिगुल बजा दिया जाएगा।