आढ़ती और बैंक के कर्ज से परेशान एक किसान ने कोई जहरीली वस्तु निगल कर आत्महत्या कर ली। मृतक किसान का वीरवार देर शाम को गांव नंगल खुर्द में अंतिम संस्कार कर दिया गया।
वह अपने पीछे अपनी पत्नी के अलावा दो बच्चे छोड़ गया हैं, जिनकी आयु तीन और पांच साल बताई जा रही है। परमजीत कौर ने बताया कि उसके पति परमजीत सिंह के पास 3 एकड़ जमीन थी।
इस साल उसने आढ़तियों के कहने पर 17 एकड़ जमीन और ठेके पर ले ली थी। किसान परमजीत सिंह ने अपनी पिछली सारी फसल नरमें और गेहूं भी उक्त आढ़ती को ही बेची थी, उसने उसके पैसे नहीं दिए।
उसने बताया कि ठेके की जमीन और धान की फसल लगा रहे मजदूरों को पैसे देने के लिए परमजीत सिंह आढ़ती के पास गया तो उसने पैसे देने से इंकार कर दिया।
इससे परेशान उक्त किसान ने कोई जहरीली वस्तु निगल ली। इसके बाद उसे तुरंत सिविल अस्पताल मानसा में दाखिल करवाया गया, वहां उसकी मौत हो गई।
मृतक की पत्नी ने बताया कि उन्होंने एचडीएफसी बैंक को 10 लाख रुपये देने हैं। उन्होंने करीब 3 लाख आढ़ती को देना है, वहीं नए आढ़ती का 8 लाख देना है।
उधर, भारतीय किसान यूनियन डकौदा के ब्लाक प्रधान महिंदर सिंह भैणीबाघा, गोरा सिंह भैणीबाघा और राज सिंह अकलियां ने मांग की कि किसान को बहाने लगाकर पैसे न देने वाले आढ़ती के खिलाफ मामला दर्ज किया जाए।
कैप्शन : मृतक परमजीत सिंह