जत्थेदार की अपील पर 28 अक्तूबर को गुरुद्वारों में नशे के खिलाफ जागरूक करने, न्याय के लिए होगी अरदास
मुख्यमंत्री व डीजीपी के इस्तीफे पर कायम है इंसाफ कमेटी
संवाद न्यूज एजेंसी
मानसा। परविंदर सिंह झोटा हत्या मामले में 14वें दिन भी उनके अंतिम संस्कार पर कोई फैसला नहीं हो सका। इस बीच, सीबीआई ने मुख्य मुलजिम अश्वनी कुमार के गोदाम की तलाशी ली। श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज्ज ने 28 अक्तूबर को पूरे पंजाब के गुरुद्वारों में अरदास की अपील की है।
यह अरदास झोटा को न्याय दिलाने के लिए की जाएगी। अदाकारी प्रीति सपरू सोमवार को धरने में शामिल हुईं। उन्होंने कहा कि वह नशे के खिलाफ मुहिम चला रही हैं। वे अपनी मुहिम का आगाज मानसा से झोटा के परिवार से मिलकर करेंगी। पंजाब किसान यूनियन के राज्य अध्यक्ष बाबा रूलदू सिंह ने मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को इस घटना का कोई दुख नहीं है। रूलदू सिंह ने आंदोलन को और तेज करने की बात कही। इंसाफ कमेटी ने राज्य भर के संगठनों से एकजुट होने की अपील की है। झोटा के पिता भीम सिंह ने कहा कि यह आंदोलन नशे के खात्मे और युवा पीढ़ी को बचाने के लिए है।
सीबीआई की कार्रवाई
सीबीआई टीम ने सोमवार को मानसा के मोहल्ला वीर नगर में दबिश दी। टीम ने महिला पार्षद की मौजूदगी में अश्वनी कुमार के गोदाम के ताले तोड़े। वहां से कुछ महत्वपूर्ण तथ्य जुटाए गए। यह कार्रवाई आरोपी अश्वनी कुमार का रिमांड लेने और मानसा के तीन बड़े मेडिकल स्टोरों पर दबिश के बाद हुई है।
धरने से प्रभावित कारोबार
मानसा में करीब 14 दिन से धरना चल रहा है। इससे शहर का बाजार और कारोबार प्रभावित हो रहा है। व्यापार मंडल के अध्यक्ष मनीष बब्बी दानेवालिया ने रास्ता खोलने की गुहार लगाई। इंसाफ कमेटी ने इस मांग पर विचार के लिए एक समिति का गठन किया है। यह समिति आगामी फैसला लेगी।
फोटो : 26 एमएएन 2 जेपीजी - मानसा में जांच करती सीबीआई की टीम।