लुधियाना में प्रेस कांफ्रेंस करते ज्वेलर।
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ऑल इंडिया ज्वेलर्स एसोसिएशन ने कहा कि जब तक एक्साइज ड्यूटी पर बनाया गया कानून केंद्र सरकार खत्म नहीं करती तब तक हड़ताल जारी रहेगी। उनका आंदोलन शांति पूर्वक ढंग से जारी रहेगा।
शनिवार को स्वर्णकारों पर लाठीचार्ज के बाद रविवार को एक प्रेस कांफ्रेंस में यह एलान किया गया। ज्वेलर्स ने शनिवार को हुए लाठीचार्ज को लोकतांत्रिक मर्यादाओं की हत्या करार दिया और मांग की है कि जिन पुलिस मुलाजिमों ने शांतिपूर्वक ढंग से प्रदर्शन कर रहे स्वर्णकारों पर लाठीचार्ज किया है, उन्हें सस्पेंड किया जाए और न्यायिक जांच के बाद उन्हें इंसाफ दिया जाए।
ऑल इंडिया ज्वेलर्स एंड स्वर्णकार एसोसिएशन के प्रधान आनंद सीकरी ने कहा कि आंदोलन को जारी रखा जाएगा। उन्होंने सराफा कारोबारियों पर पुलिस द्वारा किए लाठीचार्ज की निंदा की। उन्होंने आरोप लगाया कि आंदोलन को भारी समर्थन मिलने से बौखलाए वित्त मंत्री अरुण जेटली के इशारों पर पंजाब सरकार ने प्रदर्शन कर रहे सराफा कारोबारियों पर लाठियां बरसवाई हैं।
उन्होंने पंजाब सरकार और डीजीपी से आग्रह किया कि शनिवार को स्वर्णकारों पर लाठियां बरसाने वाले पुलिस वालों को सस्पेंड कर मामले की उच्चस्तरीय जांच करवाई जाए। सीकरी ने कहा कि जब तक केंद्र सरकार अपने कानून को वापस नहीं लेगी तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा और कोई ज्वेलर अपनी दुकान नहीं खोलेगा और न ही उन्हें खोलने दी जाएगी।
सीकरी ने कहा कि सराफा कारोबार बंद होने की वजह से पूरे देश में एक लाख करोड़ से ज्यादा का नुकसान हो चुका है। अगर सरकार ने कानून वापस न लिया तो आगे भी नुकसान उठाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि अकेले पंजाब सरकार का ही वैट का पचास करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हो चुका है। उन्होंने पंजाब सरकार से मांग की है कि वह केंद्र सरकार से इस मामले में बात करे।
उन्होंने कहा कि जैम्स एंड ज्वेलर्स फेडरेशन की तरफ से रविवार को प्रधानमंत्री कार्यालय और गृह विभाग को भी एक पत्र लिखा गया है। उन्होंने कहा कि अगली रणनीति दिल्ली से आदेश आने के बाद ही तैयार की जाएगी।