दीपावली त्योहार के मौके पर तरसेम लाल (50) को काम से छुट्टी कर शराब पीनी महंगी पड़ गई। रविवार देर रात शराब में टल्ली तरसेम पर लावारिस कुत्तों ने हमला कर दिया।
कुत्ते उसके मुंह की एक साइड बुरी तरह से खा गए। उसके पेट तथा छाती को भी नोच खाया। इससे उसकी मौत हो गई।
दीपावली की रात हुई इस घटना के बारे में पुलिस को सोमवार की सुबह पता चला। जानकारी के मुताबिक नीलों के पुल के करीब एक ढाबे पर नौकरी करने वाला तरसेम नवांशहर के गांव गोबिंदपुर का रहने वाला था।
दीपावली पर अपने मालिक से 1500 रुपये लेकर घर जाने के लिए निकला। वह रास्ते में माछीवाड़ा के पास शराब के ठेके पर रुक गया। उसने दिन में ही शराब पीनी शुरू कर दी।
देर रात शहर के दशहरा मैदान के पास शराब का ठेका और अहाता बंद हो गया। उसके बाद नशे में टल्ली तरसेम उसी क्षेत्र में घूमता रहा। वह रात को बस स्टैंड के करीब एक सुनसान गली में घुस गया और लावारिस कुत्तों का शिकार हो गया।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस के उच्चाधिकारी भी मौके पर पहुंचे। इस संबंध में डीएसपी जगविंदर सिंह चीमा ने बताया कि प्राथमिक दृष्टि में शव पर लगे पंजों के निशान से मामला कुत्तों के शिकार का ही नजर आता है, लेकिन मेडिकल रिपोर्ट के बाद स्थिति साफ हो पाएगी।