लुधियाना के कोर्ट परिसर में धमाके की पूरी साजिश पंजाब की सबसे बड़ी सेंट्रल जेल लुधियाना में रची गई थी। इस ब्लास्ट के तार पाकिस्तान से जुड़े हैं। ब्लास्ट के दौरान मारा गया पंजाब पुलिस का पूर्व हेड कांस्टेबल गगनदीप सिंह लुधियाना की सेंट्रल जेल की बीकेयू 4 में कुख्यात तस्कर रंजीत बाबा उर्फ चीता और आरडीएक्स के मामले में आरोपी सुखविंदर सिंह उर्फ बाक्सर के साथ बंद था।
केंद्रीय एजेंसियों और पंजाब की एजेंसियों ने जब सेंट्रल जेल में जाकर दोनों आरोपियों से पूछताछ की तो कई अहम सुराग सामने आए। इसके बाद शनिवार को दोनों प्रोडक्शन वारंट पर लाए गए और कड़ी सुरक्षा के बीच अदालत में पेश किया गया। जिस समय दोनों आरोपियों को पेश किया गया उस समय किसी को भी जाने की इजाजत नहीं दी गई। अदालत में दलीलें सुनने के बाद उन्हें सात दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। वहां से कड़ी सुरक्षा के बीच दोनों आरोपियों को सिविल अस्पताल मेडिकल के लिए ले जाया गया। मेडिकल कराने के बाद दोनों को सीआईए पूछताछ के लिए ले जाया गया। जहां बताया जा रहा है कि सीनियर पुलिस अधिकारियों के साथ साथ पंजाब की खुफिया एजेंसिया और केंद्र की खुफिया एजेंसियों के साथ साथ जांच एजेंसियां पूछताछ करेंगी।
ब्लास्ट में मारे गए गगनदीप सिंह को 24 अगस्त 2019 को एसटीएफ की टीम ने गिरफ्तार किया था। आरोपी से पूछताछ के दौरान उसके दो और साथियों को गिरफ्तार किया गया था। रिमांड पूरा होने के बाद उसे जेल में भेज दिया गया था। जेल में आरोपी गगनदीप सिंह को नशा तस्करी के आरोप में बंद चीता और बाक्सर के साथ बैरक में बंद किया गया था। वहां तीनों में काफी अच्छी तरह से तालमेल बढ़ गया था। आरोपियों ने गगनदीप सिंह को बड़े सपने दिखाने शुरू कर दिए और पाकिस्तान में बैठे अपने आकाओं के बारे में बताया।
सूत्रों के अनुसार वहीं से आरोपी चीता ने पाकिस्तान में बैठे तस्कर रिंदा से गगनदीप सिंह की बात कराई और बाहर जाकर उसके लिए काम करने के लिए मना लिया। सूत्र यह भी बताते है कि जेल में बैठे ही आरोपियों ने महानगर में ब्लास्ट की योजना बनाई और गगनदीप सिंह को पैसे का लालच दिया। सितंबर महीने में जेल से बाहर आने के बाद भी आरोपी गगनदीप सिंह लगातार चीता के साथ जेल में फोन के जरिए संपर्क में रहता था। वहां से बताया गया कि कोर्ट में ब्लास्ट करना है और उसे जानकारी दे दी गई कि उसे ब्लास्ट करने के लिए सामान कहां से लेना है और ब्लास्ट कितने बजे और कैसे करना है।