बठिंडा। थाना सिविल लाइन पुलिस ने शहर के एक डॉक्टर के साथ ठगी करने के आरोप में पावर हाउस रोड निवासी एक दंपती पर रविवार को धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। पुलिस ने यह कार्रवाई पीड़ित डॉक्टर जी एस शेखावत द्वारा एसएसपी बठिंडा को दी लिखित शिकायत की जांच पड़ताल करवाने के बाद की है। पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस को शिकायत देकर बीबी वाला रोड निवासी डॉ. जीएस शेखावत ने बताया कि साल 2013 में उसने 365 गज जगह पावर हाउस रोड गली नंबर 6/1 में इंद्रजीत सिंह बराड़ निवासी बठिंडा से खरीदी थी। जमीन खरीदने के बाद उसकी चारदीवारी करवाकर दी गई। साल 2016 में उसकी मुलाकात आरोपी राजेश नेगी व उसकी पत्नी गीता नेगी से हुई। इस दौरान उनकी दंपती से अच्छी जान पहचान हो गई। दोनों पति- पत्नी ने डॉक्टर को उनकी जमीन पर स्कूल खुलने का आग्रह किया। डॉ. शेखावत ने शिक्षा में रूचि के कारण दोनों के झांसे में आकर पावर हाउस रोड गली नंबर 6/1 की अपनी जमीन पर स्कूल बनाने को राजी हो गए और दिसंबर 2016 तक स्कूल की इमारत तैयार करवा दी। इसके बाद गीता नेगी ने उस जगह पर रायल किंगडम नामक स्कूल शुरू किया। लेकिन इनके बीच कोई लिखित में समझौता नहीं हुआ। हालांकि स्कूल का एक सांझा बैंक खाता खुलवाया गया।
डॉ. शेखावत के अनुसार दिसंबर 2016 से लेकर नवंबर 2017 तक गीता नेगी स्कूल का पैसा बैंक खाते में जमा करवाती रही और पूरा हिसाब किताब उसे देती रही। लेकिन अगस्त 2017 में जब उन्होंने अपने हाथ में बैंक खाता का हिसाब लिया, तो उन्हें पता चला कि 81 लाख रुपये इमारत बनाने, 9.67 लाख रुपये स्कूल फर्नीचर , कंप्यूटर, लैपटॉप, सीसीटीवी कैमरे खरीदने पर खर्चे किए है, जबकि 7 लाख रुपये और दिसंबर 2016 से अगस्त 2017 तक स्कूल के कामकाज पर खर्च किए। जबकि छह लाख रुपये गीता नेगी व राजेश नेगी ने अपने खर्चे व देनदारी के लिए उससे उधार लिए थे। स्कूल की हर माह सात लाख रुपये की आमदन थी।
जब दंपती से संपर्क किया, तो उन्होंने उसके साथ लिखित में स्कूल का बकाया पैसे उसे जल्द वापस करने का समझौता किया। इसके अलावा 75 हजार रुपये उसे हर माह स्कूल का किराया देंगे, लेकिन लिखित समझौते के बाद उन्होंने बकाया राशि से लेकर स्कूल किराया उसके बैंक खाते में जमा नहीं करवाया। जब उसने दोबारा संपर्क किया, तो दोनोे ने पैसे देने में आनाकानी की।
शिकायत में डॉक्टर ने आरोप लगाया कि स्कूल की जमीन को हड़पने के मकसद से गीता नेगी ने उस पर दर्ज केस में अपने आप को मुख्य गवाह बताकर उसे समाज में बदनाम करना शुरू कर दिया। वहीं उसे झूठे केस में फंसाने की धमकियां दी जाने लगी। उसे केस में फंसाने के लिए उसके खिलाफ झूठी शिकायतें भी दी। डॉ. शेखावत ने अपनी शिकायत में कहा कि आरोपी दंपति ने उसके साथ करीब 33 लाख रुपये की ठगी की है।
वहीं गीता नेगी का कहना है कि उनका यह मामला कोर्ट में विचाराधीन है। जिस पर कोर्ट ने अभी तक कोई भी फैसला नहीं सुनाया है, लेकिन पुलिस ने कोर्ट में विचाराधीन मामले में दखलंदाजी करते हुए उनके खिलाफ झूठा केस दर्ज किया गया है।