पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष कैप्टन अमरिंदर सिंह मंगलवार को हलके में प्रोग्राम के तहत बरनाला के विधानसभा क्षेत्र भदौड़ पहुंचे और क्षेत्र के अधीन पड़ते कस्बा ढिल्लवां, तपामंडी व भदौड़ में लोगों की मुश्किलें सुनीं।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में कैप्टन ने कहा कि कांग्रेस सरकार बनने पर किसानों को कर्ज मुक्त कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि हर रोज चार चार किसान खुदकुशी कर रहे हैं और बादल धर्म की आड़ तले लोगों की बुद्धू बनाने पर लगे हुुुए हैं। उनको मर रही किसानी की बिलकुल भी चिंता नही हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार बनने पर विधानसभा में कानून पास करवाकर किसानों की जमीनें व जायदादों की बचाने में मदद की जाएगी ताकि बैंक व अन्य संस्थाएं किसानों की जमीनें व जायदाद नीलाम न कर सकें। उन्होंने कहा कि खासकर मालवा क्षेत्र किसान खुदकुशियों से प्रभावित है। जब राज्य में कांग्रेस की सरकार थी तो उस समय उन्होंने सहकारी बैंकों से लिए गए किसान कर्जों को माफ कर दिया था।
आप के वर्करों ने किया कैप्टन का विरोध
मंगलवार को ज्यों ही कैप्टन कस्बा भदौड़ के खहरा पैलेस में पहुंचे तो पहले से तैयार बैठे आम आदमी पार्टी के वर्करों के कैप्टन के खिलाफ जमकर नारेबाजी शुरू कर दी। पुलिस में तुरंत आप के वर्करों को वहां से खदेड़ दिया, लेकिन जबरदस्त विरोध कर रहे आम आदमी पार्टी के नेता गोरा सिंह राईया को पंडाल में से गिरफ्तार कर लिया और जबरदस्ती उठाकर बाहर ले गए। आप के नेता गोरा सिंह ने आरोप लगाया कि केंद्र में कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल द्वारा आमदन से ज्यादा 3600 करोड़ रुपये के आरोप साबित हुए थे।
लेकिन केंद्र में कांग्रेस की सरकार के दौरान कैप्टन के साथ बादलों की तरफ से मिलीभगत करके उसको निर्दोष करार दे दिया गया। इस तरह कांग्रेस पार्टी व शिरेमणि अकाली दल की सरकारें आपस में फ्रैंडली मैच खेलती हुई राज्य की भोली भाली जनता को मूर्ख बनाती हैं। जिस कारण आम आदमी पार्टी ने रोष जताया है।
कांग्रेसी नेताओं ने विधायक के खिलाफ की नारेबाजी
बरनाला। भदौड़ के विधायक मुहम्मद सदीक के नेतृत्व में हलके में कैप्टन समागम के दौरान हलके के कस्बा तपामंडी में कांग्रेसी वर्करों ने कैप्टन की मौजूदगी में विधायक मुहम्मद सदीक के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। यूथ कांग्रेस के प्रधान अश्विनी कुमार व जिला के सीनियर कांग्रेसी नेता प्रेम कुमार को स्टेज पर नहीं चढ़ने दिया गया।
इस कारण उन्होंने अपने समर्थकों को साथ लेकर विधायक के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस तरह कैप्टन की मौजूदगी में स्थानीय कांग्रेस में गुटबंदी उभर कर सामने आई। विधायक ने कहा कि उनकी तरफ से पार्टी के किसी भी नेता या वर्कर को स्टेज पर चढ़ने से या कैप्टन को मिलने से नहीं रोका गया। अगर किसी पुलिस अधिकारी ने भीड़ के मद्देनजर किसी को रोक दिया हो तो उनका ध्यान नहीं गया। अचानक कैप्टन का ध्यान विरोध कर रहे कांग्रेसी नेताओं व वर्करों पर पड़ गया। कैप्टन ने उनको स्टेज पर बुलाकर सम्मान देकर शांत किया।