पंजाब के पूर्व आईजी अमर सिंह चहल के साथ करोड़़ों की साइबर ठगी मामले की जांच के दौरान बड़ा खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया है कि इस साइबर ठग गिरोह के आठ सदस्य हैं। पुलिस ने इसके दो प्रमुख सदस्यों की पहचान भी कर ली है। यह दोनों महाराष्ट्र के रहने वाले हैं। पुलिस के मुताबिक टीमों का गठन कर लिया गया है और जल्द ही इन आरोपियों की गिरफ्तारी कर ली जाएगी।
पूर्व आईजी के साथ 8.10 करोड़ की साइबर ठगी सामने आने के बाद पटियाला पुलिस के पास इसी मामले से जुड़े अन्य कई लोगों की तरफ से ई-मेल व पत्र भेजे गए हैं। पुलिस का कहना है कि जब तक कोई भी पीड़ित खुद आकर पुलिस के पास अपनी शिकायत दर्ज नहीं कराएगा, यह पक्के तौर पर कहा नहीं जा सकता है कि इस ठग गिरोह ने अब तक कितने लोगों का अपना शिकार बनाया है।
गौरतलब है कि पूर्व आईजी वाट्सएप ग्रुप एफ 777 वेल्थ इक्विटी रिसर्च ग्रुप से जुड़े थे। जिस पर पूर्व आईजी समेत अन्य निवेशकों को उनकी तरफ से निवेश की गई राशि पर बड़ा मुनाफा देने का लालच दिया जाता था। इसी लालच में पूर्व आईजी भी फंस गए और अपने 8.10 करोड़ रुपये गंवा बैठे। इसमें से 7.5 करोड़ की राशि पूर्व आईजी ने अपने रिश्तेदारों व दोस्तों से उधार ली थी। बाद में शर्मिंदगी के कारण पूर्व आईजी ने खुद को गोली मार ली थी।