संवाद न्यूज एजेंसी
जालंधर। महानगर के एकता नगर इलाके में शनिवार सुबह दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। एक सिरफिरे युवक ने शादी से मना करने पर विधवा सुखविंदर कौर और उसके दो बच्चों पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी। घटना सुबह करीब तीन बजे की है। आरोपी ने घर में घुसकर वारदात को अंजाम दिया।
आग लगने से महिला और दोनों बच्चे बुरी तरह झुलस गए। परिजनों ने उन्हें जालंधर सिविल अस्पताल पहुंचाया। परिजनों का आरोप है कि प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने यह कहकर अमृतसर रेफर कर दिया गया कि इमरजेंसी वार्ड में जगह नहीं है। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाकर हंगामा किया। परिजनों ने कहा कि समय पर इलाज मिलता तो महिला व बच्चों की हालत इतनी न बिगड़ती। उन्होंने बताया कि सुखविंदर के पति का कुछ साल पहले देहांत हो चुका है। वह बच्चों के साथ किराए के मकान में रह रही थी। आरोपी अक्सर उन्हें सब्जी देने के बहाने घर आता था और महिला को परेशान करता था। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। महिला की हालत नाजुक है जबकि बच्चों की हालत खतरे से बाहर है।
वहीं, लापरवाही के आरोप पर सिविल अस्पताल के सिविल सर्जन कम मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. गुरमीत लाल ने बताया कि गंभीर हालत के चलते मरीज को रेफर किया था। मरीज के परिजन लगातार डॉक्टरों और ड्यूटी स्टाफ के साथ गलत व्यवहार कर रहे थे। इमरजेंसी में पहले से ही बहुत गंभीर मरीज थे। महिला के परिजन समझाने के बावजूद भी बात नहीं सुन रहे थे।