मुख्यमंत्री भगवंत मान के जालंधर स्थित किराए के मकान पर मंगलवार को बड़ी संख्या में कांट्रैक्ट कर्मचारी धरना देने पहुंचे। सीएम मान ने आज ही घर में गृह प्रवेश करना था, लेकिन इससे पहले ही कर्मचारियों ने विरोध जताना शुरू कर दिया।
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने जालंधर के दीप नगर में किराए पर घर लिया है। उन्होंने जालंधर में होने वाले उपचुनाव के लिए यह घर किराए पर लिया है, जहां वह परिवार के साथ रहेंगे। नए घर में गृह प्रवेश से पहले ही उन्हें विरोध का सामना करना पड़ रहा है। मंगलवार को वेटरनरी फार्मासिस्ट यूनियन पंजाब ने उनके घर का घेराव किया।
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माना जा रहा था कि सीएम मान ने आज ही किराए पर लिए घर में गृह प्रवेश करना था, लेकिन यूनियन नेता उनके घर पहुंचे गए व धरना लगा दिया। इस दौरान इन मुलाजिमों ने सरकार खिलाफ नारेबारी भी की। हालांकि पुलिस ने इन मुलाजिमों को सीएम आवास तक नहीं पहुंचने दिया व उन्हें सीएम के घर से करीब 800 मीटर दूर ही रोक लिया गया। पुलिस के रोकने के बाद मुलाजिम वहीं बैठ गए व उन्होंने सरकार खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
वेटरनरी फार्मासिस्ट यूनियन पंजाब के प्रधान गुरप्रीत सिंह रोमाणा का कहा कि उनकी मांग है कि अस्थायी कर्मचारियों को रेगुलर किया जाए। मांगों को लेकर करीब 10 दिन पहले ही यूनियन ने सरकार को अल्टीमेटम दे दिया था, लेकिन सरकार ने उनकी मांगों को लेकर कोई जवाब नहीं दिया।
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वहीं, प्रदर्शन कर रहे कच्चे मुलाजिमों का कहना था कि वह लंबे समय से काम कर रहे हैं। सरकार न तो उन्हें पक्का कर रही है व न ही वेतन में बढ़ोतरी कर रही है। उन्होंने कहा कि पिछले 18 साल से हम कच्चे कर्मचारी के तौर पर काम कर रहे हैं। जब हमने पहले विरोध प्रर्दशन किया था तो सीएम मान ने पक्का करने का वादा किया था, मगर हमारे साथ किया वादा अभी तक पूरा नहीं किया गया। इसके चलते ही हमें प्रर्दशन करने को मजबूर होना पड़ा है।