संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजपुर। पुलिस ने मक्खू में हुए टैक्सी चालक की हत्या की गुत्थी सुलझाने और दो आरोपियों को पकड़ने का दावा किया है। लुधियाना की राधा-कृष्ण सिक्योरिटी एजेंसी के मुलाजिम ने अपने तीन साथियों के साथ मक्खू से कोटईशेखां के लिए किराए पर स्विफ्ट डिजायर कार ली और टैक्सी चालक की हत्या कर कार लेकर फरार हो गए। चुराई हुई कार लुधियाना के हथड़ा के पास से बरामद हुई है। कार में सिक्योरिटी गार्ड की वर्दी थी, जिसके जरिये पुलिस आरोपियों तक पहुंची।
एसएसपी भागीरथ सिंह मीणा ने बताया कि सुखविंदर सिंह निवासी मक्खू इलाके के ही रणजीत सिंह की स्विफ्ट डिजायर कार चलाता था। मक्खू टैक्सी स्टैंड से ग्यारह मार्च को आरोपी कोटईशेखां के लिए किराए पर स्विफ्ट डिजायर कार लेकर गए थे। देर रात तक सुखविंदर घर नहीं लौटा तो पत्नी गीता ने रणजीत से संपर्क किया। रणजीत ने बताया कि दो व्यक्ति कार किराए पर लेकर कोटईशेखां गए हैं। बारह मार्च की सुबह पता चला कि गांव पीर मोहम्मद-अमी वाला को जाती लिंक रोड के किनारे सुखविंदर का शव पड़ा। पुलिस ने कार का नंबर, चेसिस व इंजन नंबर प्रदेश के सभी पुलिस स्टेशनों को भेज दिए थे।
पंद्रह मार्च को लुधियाना के हथड़ा के पास उक्त कार मिली थी। कार तलाशी लेने पर पुलिस को सिक्योरिटी गार्ड की वर्दी बरामद हुई। ये वर्दी राधा-कृष्ण सिक्योरिटी एजेंसी की थी। पुलिस वहां पहुंची तो पता चला कि ये वर्दी गार्ड अरविंदर सिंह की है। पुलिस ने अरविंदर और गुरपाल सिंह को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि दो आरोपी इंद्रजीत सिंह व गुरसेवक सिंह फरार है।
एसएसपी ने बताया कि अरविंदर के पास गुरसेवक महंगी गाड़ियों पर आता था, उसे देख कर अमीर बनना चाहता था, इसीलिए वाहन लूटने के लिए गिरोह बनाया था। अभी तक की पूछताछ दौरान पता चला है कि आरोपियों ने सुखविंदर की हत्या गला घोंटकर की है। एसएसपी ने बताया कि आरोपियों के मोबाइल फोन की लोकेशन भी ट्रेस की गई थी। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।