पंजाब में बादल परिवार को अपनी सुरक्षा हटाकर लोगों के बीच आना चाहिए, मैं जब पंजाब का वित्त मंत्री था तो अकेला ही गाड़ी चलाकर आता जाता था। सीएम, डिप्टी सीएम व उनके पारिवारिक सदस्यों को एक रोल माडल बनकर जनता के बीच आना चाहिए। पीपीपी प्रधान मनप्रीत बादल ने इसके साथ ही पंजाब में 1 फरवरी से पुत्त बचाओ मुहिम का आगाज करने का ऐलान किया।
मनप्रीत बादल सोमवार को जालंधर में पीपीपी की केंद्रीय समिति की बैठक में हिस्सा लेने के लिए खास तौर पर आए थे और पत्रकारों से बात कर रहे थे। मनप्रीत ने कहा कि पंजाब में नशा तेजी से बढ़ रहा है और ड्रग्स के करोड़ों अरबों रुपये के कारोबार में सीएम प्रकाश सिंह बादल के रिश्तेदार व डिप्टी सीएम सुखबीर बादल के साले बिक्रम सिंह मजीठिया का नाम सामने आया है।
पंजाब में जहां उनकी पार्टी इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग कर रही है वहीं पंजाब में ड्रग माफिया का शिकार बने युुवाओं को दलदल से निकालने के लिए पुत्त बचाओ मुहिम एक फरवरी से शुरू करने का फैसला लिया गया है। इस मुहिम के तहत पार्टी के गांवों के वर्कर नशे की दलदल में डूबे युवाओं को खोजेंगे और उनका इलाज करवाया जाएगा।
पब्लिक ट्रांसपोर्ट के दाम पचास फीसदी कम हों
मनप्रीत ने पंजाब में माफिया पर बात करते हुए कहा कि सूबे में खनन पर प्रदेश सरकार को एक साल में सिर्फ तीस करोड़ की रॉयल्टी मिली जबकि यह तीन हजार करोड़ तक होनी चाहिए थी। मनप्रीत ने कहा कि पंजाब में ट्रांसपोर्ट माफिया को खत्म करने की जरूरत है, इसलिए पब्लिक ट्रांसपोर्ट के दाम 50 फीसदी कम करने चाहिए। लोग अपनी कारों के स्थान पर पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करें, यह तभी संभव है जब किराये में कमी की जाए।
पंजाब में पीपीपी अकेले ही चुनाव लड़ेगी
मनप्रीत ने कहा कि पंजाब में पीपीपी अकेले ही चुनाव लड़ेगी। पार्टी का अभी आम आदमी पार्टी या कांग्रेस के साथ कोई गठबंधन नहीं होगा। पीपीपी अपने दम पर पंजाब की तमाम लोकसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी। मनप्रीत बादल के साथ पार्टी के नेता भगवंत मान, जिला प्रधान नवजोत दहिया, बाबा राजिंदर जौहल समेत पार्टी के कई दिग्गज थे।
बादल पगार लेने में पहले नंबर पर : मान
पंजाब के प्रसिद्ध कॉमेडियन व पीपीपी के नेता भगवंत मान ने कहा कि एक कंपनी ने सर्वेक्षण करवाया है। इसमें पता चला कि पंजाब के सीएम पगार लेने में सबसे अव्वल हैं, उनको एक लाख रुपये प्रति माह पगार मिलती है। वहीं कैंसर, करप्शन व गुंडागर्दी में पंजाब भी सबसे आगे है।
भगवंत मान ने कहा कि कितनी हास्यास्पद बात है कि दिल्ली विधानसभा चुनावों के नतीजों से पहले सुखबीर बादल कह रहे थे कि आप का हाल पीपीपी जैसा होगा। जब दिल्ली चुनावों में आप की विजयी हुई तो सुखबीर बादल ने कहना शुरू किया कि सीएम बादल को पहले से केजरीवाल जैसा काम कर रहे हैं।