तनतारन में पट्टी के एसडीएम राजीव वर्मा, कुक्कड़ पिंड के पटवारी समेत तीन को अदालत ने धोखाधड़ी के मामले में तीन-तीन साल की सजा सुनाई है। अदालत ने इसके साथ ही सभी पर एक-एक हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। इस केस में एक महिला आरोपी की मौत हो चुकी है।
गुरमेल सिंह ने 2002 में एसएसपी से शिकायत की थी कि उसकी जमीन के खसरा नंबर का इस्तेमाल कर जगदीश कौर ने जमीन को हुसन लाल को बेच दिया है। इस जमीन को पटवारी प्रद्युम्न सिंह ने अपने रिकॉर्ड में चढ़ाया और कानूनगो ने इसको मंजूर कर दिया। इसके बाद तहसीलदार राजीव वर्मा ने इसको मंजूर कर लिया।
गुरमेल सिंह की शिकायत पर पुलिस ने जगदीश कौर, हुसन लाल, प्रद्युम्न सिंह, तहसीलदार राजीव वर्मा पर केस दर्ज कर लिया। इस केस की बुधवार को जीएस सेखों की कोर्ट में सुनवाई हुई। इस दौरान धारा 467 (जाली दस्तावेज तैयार करना) के तहत अदालत ने मौजूदा एसडीएम राजीव वर्मा, कुक्कड़ पिंड के मौजूदा पटवारी प्रद्युम्न सिंह, जमीन के खरीदार हुसन लाल को तीन-तीन साल की सजा व एक-एक हजार रुपये जुर्माने की सजा सुना दी।
डीड राइटर अजय कुमार को अदालत ने बरी कर दिया, जबकि जगदीश कौर की मौत हो चुकी है। एसडीएम राजीव वर्मा, हुसन लाल और प्रदूमण सिंह को जमानत भी मिल गई है।