नोबंदी के खिलाफ सांझी ट्रेड एक्शन कमेटी रविवार को सड़कों पर उतर आई। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला फूंक केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान कमेटी के हरिमनि सिंह, राम किशन ने कहा कि प्रधानमंत्री की ओर से की गई नोटबंदी का सबसे बुरा असर गरीब मजदूर पर पड़ा है।
बैंकों से अपने ही रुपये लेने के लिए गरीब मजदूर बैंक की लाइनों में लगकर अपनी दिहाड़ी खराब कर रहे हैं। इसके अलावा इस फरमान के बाद से देश भर में अब तक 100 से ज्यादा गरीब अपनी जान गवां चुके हैं। उन्होंने कहा कि मोदी के काले धन को खत्म करने की इस मुहिम का असर काले धन वालों पर दिखाई तो नहीं दे रहा, बल्कि इससे गरीबों को रोटी के लाले पड़ गए हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने चंद लोगों के काले धन को सफेद करने के मकसद से नोटबंदी का यह फैसला लिया है। इन नेताओं ने कहा कि वह 28 नवंबर को बंद का समर्थन करते हैं व भारी संख्या में इस भारत बंद में शामिल हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि 28 नवंबर को भारत बंद के दौरान पठानकोट बाईपास पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला फूंका जाएगा।