बस ऑपरेटरों की मनमानी के खिलाफ बुधवार को पंजाब स्टूडेंट यूनियन के नेतृत्व में विद्यार्थियों ने सरकारी कॉलेज के सामने धरना लगा यातायात ठप कर दिया। इस दौरान नेताओं ने डीटीओ और जनरल मैनेजर के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। नेताओं ने कहा कि समझौता होने के बावजूद उसे लागू नहीं किया गया।
जोनल नेता गगन संग्रामी ने कहा कि बीते समय में डीटीओ हरदीप सिंह और पंजाब रोडवेज के जनरल मैनेजर ने बैठक के दौरान बस ऑपरेटरों से समझौता करवाया था। इस दौरान कॉलेज लगने और छुट्टी के समय दो-दो बसें विद्यार्थियों को लेकर आने और जाने के लिए पास की थी।
साथ ही हर बस में 15 विद्यार्थियों के जाने की सुविधा दी गई थी, लेकिन इसको लागू नहीं किया गया। यहां तक कि बस में चढ़ने वाले कुछ विद्यार्थियों को पहचान पत्र भी बस वालों ने छीन लिए हैं। नेताओं ने कहा कि अगर उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया तो वह सरकारी कॉलेज में आने वाले हर सरकारी अधिकारी का बायकाट करने के साथ ही सरकारी अधिकारियों की नो एंट्री का बोर्ड भी लगाया जाएगा।
इस दौरान पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने वीरवार को डीटीओ और जनरल मैनेजर से बातचीत करवाने का भरोसा दिलाया। इसके बाद विद्यार्थियों ने अपना धरना समाप्त किया। इस दौरान लवप्रीत झोरड़, लवि, संगीता रानी, नेहा, धीरज कुमार, मनदीप सिंह, राजप्रीत सिंह और गुरप्यार सिंह मौजूद थे।