निगम की बिल्डिंग ब्रांच टीम ने बुधवार को दो अवैध बिल्डिंगों को सील किया। साथ ही एक अवैध कालोनी में चल रहे काम को रुकवा दिया।
डीसी-कम-निगम कमिश्नर गुरप्रीत सिंह खैरा ने बताया कि उन्हें अवैध निर्माण की शिकायत मिली थी। इसके बाद टीम को भेजा गया। उन्होंने बताया कि मिलिट्री अस्पताल के पास निजी फर्म ने प्रतिबंधित क्षेत्र में शामलात जमीन पर बनी तीन दुकानों का निर्माण करवाया था। उसे सील कर दिया गया। असिस्टेंट टाउन प्लानर सुरेंद्र सिंह बिंद्रा के नेतृत्व में मिलिट्री अस्पताल एरिया की दुकानों को सील करने के बाद टीम ने डलहौजी रोड पर बिना मंजूरी बनी 3 मंजिला इमारत को सील किया। इसके बाद टीम मामून में बनी अवैध कालोनी में पहुंची जहां प्लॉट काट दिए गए थे। बिजली के पोल लगवाए जा रहे थे।
निगम टीम ने जेसीबी की मदद से टाइलें निकलवाईं और बिजली के पोल निकलवाकर कालोनी मालिक को चेतावनी दी। गौरतलब है कि उक्त निर्माण सेना के एम्यूनिशन डिपो के 1 हजार गज दायरे में किया गया था। वहां किसी भी प्रकार के निर्माण पर रोक लगी है। उक्त लोगों ने नियमों को ताक पर रखकर निर्माण करवाया था। इस संबंधी सेना की ओर से निगम को जानकारी दी गई थी। निरीक्षण के दौरान उक्त दोनों दुकानें प्रतिबंधित क्षेत्र में बनी पाई गई। निगम के पास इनका कोई रिकार्ड नहीं था। बिल्डिंग इंस्पेक्टर किरणदीप व सोनिका ने बताया कि एम्युनिशन डिपो के एक हजार गज मीटर में निर्माण कार्य पर प्रतिबंध है। डलहौजी रोड व व मिलिट्री अस्पताल एरिया में दुकानें बना ली गईं थी। दोनों बिल्डिंग मालिकों को नोटिस भेजकर इन्हें सील करने की बात कही गई थी। कोई जवाब न मिलने पर बुधवार को कार्रवाई की गई।