फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोटकपूरा गोलीकांड:एसएचओ पंधेर से दोबारा पूछताछ करेगी एसआईटी

विज्ञापन
विज्ञापन
एसआईटी ने 24 जून को कोटकपूरा की घटना में प्रदर्शनकारियों पर दर्ज एफआईआर में धाराओं की बढ़ोतरी करते हुए तत्कालीन एसएचओ गुरदीप सिंह पंधेर को गिरफ्तार किया लेकिन पर्याप्त पुलिस रिमांड न मिलने के कारण पूछताछ अधूरी रह गई है। ऐसे में एसआईटी ने वीरवार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट एकता उप्पल की अदालत में आवेदन देकर एसएचओ से दोबारा पूछताछ के लिए प्रॉडक्शन वारंट की मांग रखी जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया। इस वारंट के आधार पर आरोपी एसएचओ को शुक्रवार को अदालत में पेश करके रिमांड पर लिया जाएगा। वहीं बहिबल गोलीकांड केस में गिरफ्तार सुहेल सिंह बराड़ व पंकज बांसल और कोटकपूरा केस में गिरफ्तार एसएचओ गुरदीप सिंह पंधेर की जमानत याचिकाओं पर अतिरिक्त जिला व सेशन जज राजेश कुमार की अदालत में सुनवाई हुई। इन याचिकाओं पर दोनों पक्षों के वकीलों की बहस के बाद अदालत ने सुनवाई 4 जुलाई तक स्थगित कर दी।
विज्ञापन

जानकारी के अनुसार बहिबल व कोटकपूरा गोलीकांड मामलों की पड़ताल कर रही एसआईटी ने पिछले दो सप्ताह के दौरान इन दोनों केसों में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है जिन्हें पुलिस रिमांड के बाद न्यायिक हिरासत में जेल भेजा जा चुका है। कोटकपूरा केस में गिरफ्तार एसएचओ को एसआईटी ने 25 जून को अदालत में पेश किया था और अदालत से 8 दिन के रिमांड की मांग रखी थी लेकिन अदालत ने एक दिन का गरिमांड ही दिया था। अगले दिन एसआईटी ने एसएचओ को न्यायिक हिरासत में भिजवा दिया था और साथ ही अदालत से कहा था कि वह आरोपी को पूछताछ के लिए दोबारा रिमांड पर लेगी। उसी दिन एसआईटी ने जिला व सेशन जज को आवेदन देकर सीजेएम को इन मामलों की सुनवाई से हटाने का आग्रह किया था। सीजेएम की रोस्टर में ड्यूटी तबदील होते ही एसआईटी ने वीरवार को अदालत में आवेदन देकर एसएचओ के प्रॉडक्शन वारंट की मांग रख दी।
बहिबल गोलीकांड केस में धारा 194 व 195 भी शामिल
एसआईटी ने बहिबल कलां गोलीकांड केस में सुहेल सिंह बराड़ व पंकज बंसल की गिरफ्तारी के बाद उक्त एफआईआर में धारा 194 व 195 ( झूठी गवाही देने) भी शामिल कर दी है। असल में सुहेल सिंह बराड़ व पंकज बांसल से एसआईटी ने पिछले साल भी पूछताछ की थी और उनके बयान सरकारी गवाह के तौर पर मजिस्ट्रेट के पास दर्ज करवाए लेकिन अब केस में नए तथ्य सामने आने के बाद एसआईटी ने इन दोनों को गिरफ्तार कर लिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें