जालंधर। एक तरफ जहां पंजाब के नवनियुक्त प्रधान नवजोत सिंह सिद्धू का शपथ ग्रहण समारोह चल रहा था, वहीं दूसरी तरफ जालंधर में किसान कृषि सुधार कानूनों को रद्द करवाने व बिजली संकट के चलते सड़कों पर उतर गए। इन्हीं मुद्दों को लेकर शुक्रवार को भारतीय किसान यूनियन लक्खोवाल ने डीसी कार्यालय का घेराव किया। किसानों ने जिला प्रशासन से जमीनों के मुआवजे की भी मांग रखी। किसानों का कहना है कि सरकार उन्हें निर्धारित मुआवजा नहीं मुहैया करवा रही है। प्रधान सतवंत सिंह ने कहा कि रिंग रोड तथा बाईपास बढ़ाने के लिए कई किसानों की जमीनें सरकार ने कब्जे में ले ली हैं। इतना ही नहीं किसानों को निर्धारित कीमत से भी कम मुआवजा मिल रहा है। इस संबंध में जिला प्रशासन को पहले भी मांगपत्र दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद सरकार उनकी मांगों को अनदेखा कर रही है।
किसानों ने कहा कि वह डीसी घनश्याम थोरी के साथ बैठक कर समस्या का समाधान करवाने का प्रयास कर रहे हैं। अगर समस्या का समाधान नहीं हुआ तो किसान अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर उतरेंगे। इस मौके पर गुरपिंदर सिंह राणा, परमिंदर सिंह, सुरिंदर सिंह तथा मनजीत सिंह के अलावा यूनियन के अन्य सदस्य व पदाधिकारी मौजूद रहे।