मॉडर्न जेल में बंद दो हवालातियों ने एग्जास्ट फैन से फंदा लगाकर जान दे
दी। एक गेहूं चोरी और दूसरा नशीले पाउडर की बरामदगी के मामले में जेल में
बंद था। गेहूं चोरी के मामले में बंद हवालाती के परिजनों ने जेल प्रशासन पर
लापरवाही का आरोप लगाते हुए सिविल अस्पताल के बाहर आधा घंटा जाम लगा दिया।
जानकारी
के अनुसार रवि (25) उर्फ काला निवासी इंडस्ट्रियल एरिया कपूरथला पर 25
बोरी गेहूं चोरी का मामला 12 मई को दर्ज हुआ था। इस मामले में वह मॉडर्न
जेल में बंद था। रवि सोमवार रात एक बजे परने से बैरक में लगे एग्जास्ट फैन
से लटक गया। मंगलवार सुबह साढ़े आठ बजे तरुण कुमार (28) निवासी बड़ा पिंड
गोराया ने भी परने से बैरक में लगे एग्जास्ट फैन से फंदा लगाकर जान दे दी।
तरुण को पुलिस ने 18 अप्रैल को 330 ग्राम नशीले पाउडर के साथ गिरफ्तार किया
था।
मृतक रवि की माता निर्मला ने अपने परिजनों के साथ मिलकर जेल प्रशासन
के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सिविल अस्पताल के बाहर रोड जाम करके आधा घंटा
प्रदर्शन किया। निर्मला ने आरोप लगाया कि एक दिन पहले उसकी बेटे से बात हुई
थी और मंगलवार को रवि को कपड़े देने जाना था, लेकिन जेल अधिकारियों का फोन
आया कि उसकी तबियत खराब है और अस्पताल में भर्ती है। जब यहां आकर देखा तो
पता चला कि उसने जेल के अंदर आत्महत्या कर ली है। यह सब जेल प्रशासन की
लापरवाही से हुआ है।
दोनों हवालातियों के पोस्टमार्टम के लिए डॉ. मोहनप्रीत
सिंह, डॉ. राजीव पराशर और डॉ. बलविंदर सिंह पर आधारित बोर्ड गठित किया है,
जो मजिस्ट्रेट के सामने पोस्टमार्टम करेंगे।
एसपी जेल परमजीत सिंह
संधू ने कहा कि मृतक के परिजनों की ओर से लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं।
दोनों हवालातियों की मौत के मामले की ज्यूडिशियल जांच हो रही है। अतिरिक्त
सीजेएम बलविंदर कुमार इस मामले की तफ्तीश कर रहे हैं।