सड़क हादसे में तीन लोगों की हुई थी मौत, शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंपे, पिता बोले- अब संस्कार करूंगा
पुलिसकर्मी गुरप्रीत बोला- रात को ही परिवार को बटाला छोड़ लौटना चाहता था, जल्दी में हादसा हो गया और घबराहट में भाग गया, पीएपी जालंधर में ट्रेनिंग कर रहा
संवाद न्यूज एजेंसी
जालंधर। देहात के एरिया में थाना मकसूदां के अधीन आते विधिपुर रेलवे क्रॉसिंग के पास हुए सड़क हादसे के मामले में फरार ऑडी कार के ड्राइवर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उसकी पहचान बटाला के रहने वाले गुरप्रीत सिंह उर्फ अमरजीत सिंह के रूप में हुई है, जोकि पंजाब पुलिस का सिपाही बताया जा रहा है और जालंधर के पीएपी में उसकी ट्रेनिंग चल रही थी।
हादसे की रात परिवार को बटाला छोड़कर वापस आना चाहता था और जल्दबाजी में हादसा हो गया। पुलिस ने गुरप्रीत को अदालत में पेश कर दो दिन का रिमांड लिया है। हादसे में ई-रिक्शा सवार तीन लोगों की मौत हो गई थी। पुलिस ने तीनों के शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिए हैं। वीरवार को परिजनों ने थाना के बाहर धरना दे आरोपी की गिरफ्तारी की मांग की थी। थाना मकसूदां के प्रभारी सिकंदर सिंह ने बताया कि ओडी कार ड्राइवर गुरप्रीत सिंह ने प्राथमिक पूछताछ में माना कि हादसे के बाद वह काफी घबरा गया था। उसके साथ उसका परिवार भी था। इसके चलते वह अपने पारिवारिक सदस्यों सहित मौके से फरार हो गया था। एसएचओ ने बताया कि गुरप्रीत को गिरफ्तार करने के लिए पंजाब के विभिन्न जिलों में पुलिस पार्टियां भेजी गई थी। वीरवार देर रात उसे बटाला के पास से ही गिरफ्तार किया गया है।
बता दें कि ऑडी कार ने ई-रिक्शा को टक्कर मार दी थी। इसमें विधिपुर रेलवे क्रॉसिंग के पास रहने वाले परमजीत सिंह उर्फ पम्मा, श्री गुरु रविदास नगर निवासी जगदीश चंद्र और किशनपुरा से सटी मुस्लिम कॉलोनी निवासी पंकज की मौत हो गई थी। तीनों के शव सिविल अस्पताल की मोर्चरी में रख दिए थे क्योंकि परिजनों ने पोस्टमार्टम करवाने से इन्कार कर दिया था। हादसे में नूरपुर कॉलोनी निवासी हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी व गोविंदा घायल हुए थे।
हादसे के वक्त नशे में था ड्राइवर : परिजन
मृतकों के परिवार ने आरोप लगाया था कि घटना के वक्त कार ड्राइवर नशे में था। इसे लेकर पुलिस ने शुक्रवार को उसका मेडिकल भी करवाया। हादसे के बाद पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ केस दर्ज किया था। इससे नाराज पारिवारिक सदस्यों ने थाना मकसूदा के बाहर से रोड जाम कर दिया था। शाम करीब 6 बजे पीड़ितों ने पुलिस की बात मानी और किसी तरह रोड खाली करवाया गया था।