पठानकोट-अमृतसर नेशनल हाइवे पर मलिकपुर में परिवारों सहित नारेबाजी करते वकील और पूर्व पुलिस अधिका
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पठानकोट। किसान आंदोलन के समर्थन में सोमवार को पठानकोट-अमृतसर नेशनल हाइवे स्थित मलिकपुर चौक में पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के वकीलों और रिटायर्ड पुलिस अधिकारियों ने परिवारों समेत धरना दिया। इस दौरान उन्होंने हाथों में तख्तियां लेकर केंद्र सरकार और दीप सिद्धू के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने दीप सिद्धू और केंद्र सरकार के बीच रिश्तों की जांच दिल्ली हाइकोर्ट के मौजूदा जज से करवाने की मांग रखी।
एडवोकेट दलजीत सिंह काहलों के नेतृत्व में प्रदर्शनकारियों ने 2 घंटे तक नेशनल हाइवे पर धरना दिया। एडवोकेट काहलों ने कहा कि किसान दिल्ली बॉर्डर पर शांति से धरना दे रहे थे। दीप सिद्धू और उसके कुछ लोगों ने कुछ किसानों को गुमराह कर गणतंत्र दिवस पर लाल किले पर केसरी झंडा फहरा दिया। यह सब साजिश के तहत हुआ। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि दीप सिद्धू भाजपाइयों का पिट्ठू है और केंद्र सरकार के इशारे पर यह साजिश रची गई।
उन्होंने कहा कि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अश्वनी शर्मा को चाहिए कि वह इस मामले में हस्तक्षेप कर केंद्रीय गृह मंत्रालय से चर्चा करें और कृषि कानूनों को रद्द करवाएं। वहीं पूर्व इंस्पेक्टर केदारनाथ सिंह ने कहा कि किसानों की अनदेखी और उन परअत्याचार देश कभी बर्दाश्त नहीं करेगा। मोदी सरकार को यह समझना होगा कि आज देश भर के कर्मचारी, विभिन्न संगठन और किसान एकजुट हैं। इस मौके पर एडवोकेट मनदीप काहलों, एडवोकेट मनप्रीत सिंह, अमरजीत सिंह, पूर्व इंस्पेक्टर गुरदियाल सैनी, रणजीत सिंह, शमशेर सिंह उपस्थित थे।