जालंधर। अमृतसर-दिल्ली नेशनल हाइवे पर 15 वाहन एक के बाद एक ट्राले के पीछे से जा टकराए, जिसमें एक पुलिस मुलाजिम की मौत हो गई जबकि करीब 15 लोग घायल हो गए। घायलों को सेक्रेट हार्ट और सिविल अस्पताल दाखिल करवाया गया है। घटना सुबह सात बजे के आसपास उस समय घटी, जब अमृतसर की तरफ जा रहा एक ट्राला अनियंत्रित होकर डिवाइडर क्रास कर दूसरी तरफ दिशा में पहुुंच गया और अमृतसर की तरफ से आ रही रोडवेज की एक बस उससे जा टकराई, जिसके बाद वाहन पीछे से टकराते गए और देखते ही देखते वहां पर चीखों की आवाजें सुनाई देने लगी। इस हादसे में डीएसपी के एक गनर की मौत हो गई और एक अन्य बुरी तरह से घायल हुआ है। ट्राला चालक मौके से भाग निकला। सूचना मिलने के बाद जालंधर की कमिश्नरेट पुलिस के अधिकारी और थानेदार पहुंचे और वहां से क्षतिग्रस्त वाहनों को हटवाया।
घटनास्थल से मिली जानकारी के मुताबिक सरहिंद की एक ट्रांसपोर्ट कंपनी का ट्राला अमृतसर की तरफ जा रहा था, विधीपुर फाटक से पहले नेशनल हाइवे पर ट्राला डिवाइडर को क्रास कर यू टर्न ले रहा था। सुबह सात बजे के करीब उस समय काफी धुंध थी, जिस कारण एक पंजाब रोडवेज अमृतसर की बस ट्राले के अगले हिस्से से जा टकराई, जिसके बाद एक कार बस के पीछे घुस गई। इस बीच वरना कार में सवार अमृतसर के सहायक जेल सुपरिंटेंडेंट कुलवंत सिंह की कार एस्टीम के पीछे हलकी सी टकरा गई। कुलवंत सिंह सिद्धू अपने भाई करनैल सिंह पीर मोहम्मद के साथ चंडीगढ़ की तरफ जा रहे थे। उनके गनर परमजीत सिंह पुत्र करनैल सिंह और दिलबाग सिंह नीचे उतरकर देखने लगे कि कार कितनी क्षतिग्रस्त हुई, इस बीच पीछे से पीआरटीसी बस दोनों गनरों के ऊपर जा चढ़ी और बाद में बस से जा टकराई। जिसमें गनर परमजीत सिंह की मौत हो गई। इसके बाद क्वालिस, सेंटरों, पीआरटीसी की बस, ट्रक, इनोवा टकराते गए। धुंध के कारण एनएच पर आने वाले वाहनों की ब्रेक नहीं लग पा रही थी, जिसके चलते 15 वाहन जा टकराए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों तरफ आग जलाकर और मुलाजिमों को तैनात कर चालकों को रफ्तार धीमी करने के लिए कहा।
घायलों में सरवण सिंह, मनजिंदर सिंह, महावीर सिंह, दिलबाग सिंह गनर, सुरजीत सिंह, अवतार सिंह, राजबीर सिंह, बलविंदर सिंह, बाबू शामिल हैं।