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एसडीएम की सब रजिस्ट्रार बिल्डिंग में एक घंटे चेकिंग

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एसडीएम ने की सब रजिस्ट्रार बिल्डिंग में एक घंटे चेकिंग
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पटवारी के दफ्तर में नहीं मिला एक भी निजी मुलाजिम
अमर उजाला ब्यूरो
जालंधर।
पटवारियों के दफ्तरों में काम करने वाले प्राइवेट कारिंदों पर कार्रवाई के आदेश के बाद मंगलवार को एसडीएम ने सब रजिस्ट्रार बिल्डिंग की चेकिंग की। करीब एक घंटे तक एसडीएम राजीव वर्मा कांप्लेक्स में रहे। इस दौरान पटवारी के दफ्तर में एक भी निजी मुलाजिम नहीं मिला।
फाइनेंशियल कमिश्नर रेवेन्यू की तरफ से पटवारियों के दफ्तर में काम करने वाले कारिंदों पर कार्रवाई करने का आदेश जारी किया है। इसमें एफसीआर ने कहा है कि पटवारियों ने रेवेन्यू रिकॉर्ड अपडेट करने, फर्दें और इंतकाल बनाने के लिए अपने दफ्तरों में प्राइवेट कारिंदे रखे हुए हैं। एक पटवारी के दफ्तर में कई-कई कारिंदे बैठकर काम कर रहे हैं। ज्यादातर पटवारी दफ्तरों में बैठते ही नहीं। कई पटवारियों के दफ्तर खोलने से लेकर बंद करने तक का काम कारिंदे कर रहे हैं। पटवारियों का तर्क है कि जालंधर में 401 सैंक्शन पोस्ट हैं, जिसमें से 170 पद खाली पड़े हुए हैं। इससे 231 पटवारी 401 रेवेन्यू सर्किल का काम देख रहे हैं। काम चलाने के लिए उन्हें मजबूरी में कारिंदे रखने पड़ते हैं। अनुमानित तौर पर तहसील में सभी पटवारियों के पास 500 से ज्यादा कारिंदे काम कर रहे हैं।
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इनको पटवारी अपनी जेब से पेमेंट करते हैं। एक पटवारी के पास दो-तीन रेवेन्यू सर्किलों का काम है। हाल ही सरकार ने पूरे राज्य में 1200 पटवारियों की भर्ती की है। इसमें से जालंधर के हिस्से 125 पटवारी आए हैं। इनकी कपूरथला रोड स्थित रेवेन्यू पटवार स्कूल में ट्रेनिंग चल रही है। इसके बाद इन्हें स्टेशन अलॉट किए जाएंगे। एसडीएम राजीव वर्मा का कहना है कि जिस पटवारी के पास भी कोई कारिंदा काम करते हुए पाया गया, उसके खिलाफ सीधे एफआईआर दर्ज करवाई जाएगी। एसडीएम ने कहा कि इस मामले में अब जरा भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। उन्होंने पटवार खाने के अलावा सब रजिस्ट्रार के दफ्तर में जाकर भी चेकिंग की है।
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