बैंकों ने डीसी को सौंपा शपथ पत्र
कहा- उनके पास किसी भी किसान का ब्लैंक चेक नहीं ह
किसानों ने की हुई है 30 मार्च को धरने की घोषणा
अमर उजाला ब्यूरो
फिरोजपुर। किसान जत्थेबंदियों ने बैंकों की ओर से किसानों के ब्लैंक चेक रखने को लेकर डीसी चंद्र गैंद को शिकायत दी थी। साथ ही 30 मार्च को धरने की घोषणा की थी। इस पर डीसी ने बैंकों से जवाब मांगा था। वीरवार को जिले के सभी बैंकों ने शपथपत्र डीसी को सौंपते हुए कहा कि किसान क्रेडिट कार्ड स्कीम के तहत उनके पास किसी भी किसान का ब्लैंक चेक नहीं है।
लीड बैंक मैनेजर राजेश गुप्ता ने जिले के सभी बैंकों की तरफ से एक सामूहिक शपथपत्र डीसी चंद्र गैंद को सौंपा। उसमें लिखा है कि बैंकों के पास किसान क्रेडिट कार्ड स्कीम (फसल कर्ज) के तहत किसी भी किसान का ब्लैंक चेक नहीं है। कुछ दिन पहले ही किसानों के एक प्रतिनिधिमंडल ने डीसी से मुलाकात कर बैंकों के खिलाफ शिकायत दी थी। इसमें कहा गया कि बैंकों ने उनके ब्लैंक चेक रखे हुए हैं जिसकी वजह से उन्हें काफी परेशानी हो रही है। इसके अलावा किसानों ने आगामी 30 मार्च को धरने का भी एलान कर रखा है। इसमें बैंकों की ओर ेस ब्लैंक चेक रखना एक बड़ा मुद्दा है। डीसी ने किसानों से मुलाकात के बाद सभी बैंकों की बैठक बुलाई। उन्होंने कहा था कि किसी भी बैंक के पास किसानों का ब्लैंक चेक रखने का अधिकार नहीं है। किसी के पास ब्लैंक चैक मिलता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
डीसी का कहना है कि किसानों की इस समस्या का निपटारा करवाने के लिए वह कई दिनों से प्रयास कर रहे थे। सभी बैंकों से डे टू डे रिपोर्ट भी ले रहे थे कि उन्होंने शपथपत्र जमा करवाया है या नहीं। किसानों को किसी भी तरह की परेशानी है तो उनके दरवाजे 24 घंटे खुले हुए हैं। कोई भी किसान बिना किसी हिचक के उनसे मिलकर अपनी समस्या रख सकता है। उसे सुलझाने के लिए वह पूरी कोशिश करेंगे। उन्होंने कहा कि अगर शपथपत्र जमा करवाने के बावजूद किसी बैंक के पास ब्लैंक चेक मिल गया तो कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।