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शहीद की अंतिम अरदास में पहुंचे सीएम: गांव चट्ठा में मनदीप के नाम पर यादगारी गेट और फुटबॉल स्टेडियम बनाने की घोषणा

Wed, 20 Oct 2021 09:32 PM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, बटाला (पंजाब)

सार

आतंकियों के सर्च अभियान के दौरान मुठभेड़ में देश के लिए शहीद हुए मनदीप सिंह फुटबॉल के भी एक बेहतरीन खिलाड़ी थे। शहीद की अंतिम अरदास में बुधवार को उनके घर पहुंचे सीएम चन्नी ने उनके नाम पर फुटबॉल स्टेडियम बनाने की घोषणा की है।
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शहीद मनदीप सिंह की अंतिम अरदास में पहुंचे सीएम चरणजीत सिंह चन्नी। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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पंजाब के बटाला के गांव चट्ठा में शहीद मनदीप सिंह की अंतिम अरदास में बुधवार को पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी पहुंचे। उनके साथ कैबिनेट मंत्री तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा और पंजाब विधानसभा के स्पीकर राणा केपी भी पहुंचे। इस मौके पर सीएम चन्नी ने शहीद के परिवार के साथ संवदेना व्यक्त की। गांव चट्ठा में शहीद की अंतिम अरदास और श्रद्धांजलि समारोह में कई राजनीतिक, प्रशासनिक और सैन्य अधिकारियों ने शामिल होकर शहीद नायक मनदीप सिंह को श्रद्धासुमन अर्पित किए।

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पत्रकारों से बातचीत के दौरान सीएम चन्नी ने कहा कि शहीद के इस परिवार के साथ पंजाब सरकार खड़ी है। सरकार की तरफ से शहीद मनदीप सिंह के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और 50 लाख रुपये दिए जांएगे। वहीं इसके अलावा शहीद के नाम पर गांव में यादगारी गेट और शहीद मनदीप सिंह के नाम पर एक फुटबॉल स्टेडियम बनाया जाएगा। शहीदी गेट बनाने के लिए उन्होंने 10 लाख रुपये मंजूर करके गांव की पंचायत को देने को कहा।

उन्होंने कहा कि शहीद मनदीप कभी वापस नहीं आ सकते। परिवार के लिए यह कभी न पूरा होने वाला घाटा है। उनको इस बात का गर्व है कि मनदीप सिंह ने अपने देश के लिए लड़ते हुए शहादत प्राप्त की है।
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शहीद सैनिक परिवार सुरक्षा परिषद के महासचिव कुंवर रविंदर सिंह विक्की ने बताया नायक मनदीप सिंह का जन्म 16 अक्तूबर 1991 को माता मनजीत कौर और पिता इंद्र सिंह के घर गांव चट्ठा में हुआ। 12वीं कक्षा पास करने के बाद सितंबर 2011 को यह सेना की 11 सिख रेजिमेंट में भर्ती होकर देश सेवा में जुट गए। अप्रैल 2021 को मनदीप को 16 राष्ट्रीय राइफल्स में शामिल कर आतंकवाद से प्रभावित क्षेत्र पुंछ सेक्टर भेज दिया गया।
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खतरों से खेलने के शौकीन मनदीप वालंटियर होकर 16 राष्ट्रीय राइफल्स में शामिल थे। 11 अक्तूबर को मनदीप अपनी सैन्य टुकड़ी के साथ आतंकियों के सर्च अभियान पर थे। इस दौरान मुठभेड़ पाक प्रशिक्षित आतंकियों से हो गई, मनदीप ने वीरता के साथ उनका मुकाबला किया पर आतंकी द्वारा दागी एक गोली मनदीप के सीने को भेदते हुए निकल गई जिससे इस रणबांकुरे ने शहादत का जाम पी लिया। नायक मनदीप सिंह एक बहादुर सैनिक के साथ-साथ फुटबॉल के उच्चकोटि के खिलाड़ी भी थे।

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