गांव बालद कलां में अपने हक के लिए संघर्ष कर रहे दलितों पर पुलिस द्वारा किए लाठीचार्ज के रोष में शनिवार को कई दलित जत्थेबंदियों ने सुंदर बस्ती में रोष प्रदर्शन करके जिला प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
उन्होंने लाठीचार्ज करने वाले मुलाजिमों के खिलाफ कार्रवाई करने और जमीनी बोली को रद करने व गिरफ्तार दलितों को रिहा करने की मांग रखी। शक्ति वाल्मीकि महासभा पंजाब की सीनियर उपाध्यक्ष पूनम कांगड़ा, वाल्मीकि रविदास महासभा के जिलाध्यक्ष दर्शन सिंह कांगड़ा ने कहा कि दलितों पर यह अत्याचार निंदनीय कार्रवाई है।
जिला प्रशासन ऐसी कार्रवाई करवाकर दलितों को जमींदारों के आगे घुटने टेकने के लिए मजबूर कर रहा है, जिसे कतई भी सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन डंडे के बल पर दलितों की आवाज को दबाना चाहता है।
जिले के विभिन्न गांवों में दलितों के हिस्से की जमीन भी जिला प्रशासन जमींदार लोगों को देना चाहता है जबकि यह जमीन दलितों को ही कम रेट पर देनी चाहिए है ताकि वे अपने परिवारों का पालन पोषण कर सकें। उन्होंने ऐलान किया कि वे दलितों द्वारा अपने हकों के लिए किए जा रहे संघर्ष में हर तरह का समर्थन करेंगे।
इस मौके पर भारतीय दलित सभा के जिलाध्यक्ष शक्तिजीत सिंह, सफाई मजदूर सेल के जिलाध्यक्ष विनोद कोहरियां, हरविंदर सिंह, सरबजीत कौर, अनिल कुमार, मनजीत सिंह, लखविंदर सिंह, बलवीर कौर, लखमीर सिंह, माया देवी, गुरजंट सिंह, भिंदा सिंह मौजूद थे।