सरबत खालसा की ओर से नियुक्त तीनों जत्थेदारों समेत अन्य सिख नेताओं की
गिरफ्तारी के बाद उन्हें छुड़वाने के लिए सिख समुदाय द्वारा हरिके पत्तन
पुल (हरिके हेड) पर धरना न लगाया जाए इसीलिए वहां पंजाब पुलिस की रेपिड
एक्शन फोर्स, बीएसएफ जवानों की तैनाती की गई है।
यही नहीं पुल के
दोनों तरफ दंगा रोको वाहन, वाटर कैनन, एंबुलेंस के अलावा अन्य साजोसामान
रखा गया है। पुल पर लगभग दो हजार जवानों की तैनाती की गई है ताकि सिख
समुदाय के लोग पुल पर धरना लगाकर लोगों को परेशान ना करे।
जानकारी
के अनुसार बरगाड़ी में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी के बाद हरिके
हेड पर लगभग पंद्रह दिन तक धरना देकर पुल जाम किया था, जिस कारण लोग बहुत
परेशान हुए थे। इस बार पुल की सुरक्षा की जिम्मेदारी तरनतारन पुलिस के
हवाले की गई है, जबकि उस समय पुल की रखवाली फिरोजपुर पुलिस के पास थी, जो
पुल खाली करवाने में असफल रही थी।
इस बार पंजाब सरकार ने हरिके हेड
पर बीएसएफ जवान व स्पेशल फोर्स के दो हजार जवान तैनात किए हैं। पुल के पास
ही जवानों की खानपान की व्यवस्था की गई है। इस मौके पर कंपनी के सीओ
कर्मजीत सिंह, इंस्पेक्टर निर्मल सिंह, लखबीर सिंह, पट्टी के डीएसपी दविंदर
सिंह संधू के अलावा अन्य अधिकारी उपस्थित थे।