विजिलेंस टीम ने जीआरपी के एएसआई को पांच हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोपी एएसआई को आरपीएफ की कर्मचारी यूनियन के डिवीजनल सचिव गुरदयाल सिंह की शिकायत पर गिरफ्तार किया गया है।
आरपीएफ के डिवीजनल सचिव गुरदयाल सिंह ने बताया कि रेलवे की तरफ से चालू की गई ग्रो मोर फूड योजना के तहत उन्हें 27 अक्तूबर 2013 को गुरुहरसहाय में रेलवे की 77 कनाल जगह आवंटित की गई थी। इसपर विभाग में लाइसेंस के तौर पर उन्होंने और अशोक कुमार ने 25995 का ड्राफ्ट सिक्योरिटी के रूप में फिक्स डिपॉजिट अलग-अलग जमा किया था। उन्हें लाइसेंस मिलने से पहले रेलवे की जमीन पर बाहरी लोगों ने कब्जा कर रखा था।
जुलाई में गुरुहरसहाय के रहने वाले फुम्मण सिंह के बेटे गुरदीप सिंह ने रेलवे के अधिकारियों को शिकायत दी कि गुरदयाल सिंह ने उनकी जमीन पर कब्जा कर गेहूं की फसल काट ली है। इस पर यह शिकायत जीआरपी के एएसआई राजेश कुमार शर्मा के पास आई। राजेश कुमार ने इस फाइल को निपटाने के लिए गुरदयाल सिंह से दस हजार रुपये की रिश्वत मांगी। गुरदयाल सिंह ने सारी जानकारी विजिलेंस के अधिकारियों को दी। गुरदयाल सिंह ने जैसे ही 10 हजार रुपये राजेश कुमार को दिए उसी समय विजिलेंस के डीएसपी मक्खन सिंह ने उसे रंगे हाथों काबू कर लिया।