फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मोगा थाने में ग्रेनेड हमला: जांच में बड़ा खुलासा, ट्रेन को उड़ाने की बनाई थी योजना; पाकिस्तान से जुड़े तार

Tue, 21 Jul 2026 07:46 PM IST
शाहिल शर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, मोगा

सार

मोगा सदर थाना परिसर में हुए ग्रेनेड हमले में पुलिस ने अब तक 17 आरोपियों को गिरफ्तार कर एक बड़ी आतंकी साजिश को विफल करने का दावा किया है। 
विज्ञापन
पकड़े गए आरोपियों की फोटो - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मोगा पुलिस को 8 जुलाई को सदर थाना परिसर में हुए ग्रेनेड हमले में बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने अब तक 17 आरोपियों को गिरफ्तार कर एक बड़ी आतंकी साजिश को विफल करने का दावा किया है। आरोपियों के कब्जे से आईईडी, विस्फोटक सामग्री और 9 मिमी ग्लॉक पिस्तौल बरामद हुई है। 
विज्ञापन


आईजी फरीदकोट रेंज नीलांबरी जगदले विजय ने बताया कि 8 जुलाई को मोगा सदर थाना परिसर में ग्रेनेड विस्फोट हुआ। घटना के बाद बीएनएस, विस्फोटक पदार्थ अधिनियम और सार्वजनिक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज हुआ।

मोगा पुलिस की 10 टीमों, विशेषज्ञों और खुफिया एजेंसियों ने संयुक्त जांच से नेटवर्क का पर्दाफाश किया। जांच में सामने आया कि फिरोजपुर के गगन उर्फ काली, राजेश और शुभम ने मिलकर यह हमला किया। गगन उर्फ काली ने ग्रेनेड फेंका, एक ने घटना का चित्रण किया, तीसरा बाइत पर था। तीनों को फिरोजपुर से गिरफ्तार कर पूछताछ में लाजर उर्फ अमन का नाम सामने आया। 
विज्ञापन

 
विज्ञापन

लाजर उर्फ अमन की गिरफ्तारी पर आईईडी, विस्फोटक सामग्री, इलेक्ट्रॉनिक डेटोनेटर और 9 मिमी ग्लॉक पिस्तौल बरामद हुई। लाजर की विदेश में बैठे इकबाल उर्फ रबी धालीवाल से बातचीत हुई। पैसों का लालच देकर यह साजिश रची गई थी, जिसमें जम्मू-तवी ट्रेन उड़ाने की योजना भी शामिल थी, जिसे पुलिस ने विफल किया।

साजिश का स्रोत और सहयोगी
जांच के अनुसार, बरामद हथियार और विस्फोटक पाकिस्तान के रास्ते भारत पहुंचे। यह सामग्री अमृतसर रूरल और जलालाबाद बॉर्डर के रास्ते डीएलबी से आई थी। विदेश में बैठे इकबाल उर्फ रबी धालीवाल के तंत्र और संपर्कों की जांच जारी है। आरोपियों के कुछ रिश्तेदारों और इकबाल की सहेली कुलजीत कौर ने भी पैसा व पिस्तौल लाने में मदद की।

आरोपियों की पृष्ठभूमि और कानूनी कार्रवाई
लाजर उर्फ अमन हलवाई था, जबकि गगन उर्फ काली, राजेश और शुभम मजदूर थे। पुलिस के अनुसार, इन्हें पैसों का लालच देकर आतंकी गतिविधि में शामिल किया गया। सदर थाना ग्रेनेड हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान में बैठे शहजाद भट्टी ने सामाजिक माध्यम पर केएलए के नाम से ली। गिरफ्तार आरोपियों पर यूएपीए, बीएनएस और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धाराएं लगाई गई हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें