पुलिस को आशंका है कि कहीं गोल्डी बराड़ के गुर्गों ने तो पैरी पर यह जानलेवा हमला नहीं किया। पैरी के पास से उसका मोबाइल फोन बरामद हुआ है, आखिरी बार उसकी किससे बातचीत हुई थी, पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है।
पैरी पर चंडीगढ़ और पंजाब में 12 केस दर्ज
इंदरप्रीत सिंह उर्फ पैरी पर पंजाब और चंडीगढ़ में 12 केस दर्ज हैं। इनमें रंगदारी, हथियारों की सप्लाई, जान से मारने की धमकी देने, हत्या और हत्या की साजिश रचने जैसे कई संगीन मामले भी दर्ज हैं। सेक्टर-33 के रहने वाले पैरी को जनवरी 2023 में पंजाब के स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल ने भी गिरफ्तार किया था। पंजाब सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्याकांड का षड्यंत्र रचने वाले गैंगस्टर गोल्डी बराड़ व लॉरेंस के साथी और डेराप्रेमी प्रदीप कुमार की हत्या में शामिल आरोपी गैंगस्टर इंद्रप्रीत सिंह उर्फ पैरी को उस समय पंंजाब पुलिस ने मंडी के सुंदरनगर से दबोचा था। पैरी पंजाब में लॉरेंस बिश्नोई की पेशी के समय ढाबे के पास से पुलिस की हिरासत से फरार कराने में शामिल था। उस समय लॉरेंस को नेपाल से दबोचा गया था।
लॉरेंस और गोल्डी बराड़ की गैंग को ट्राईसिटी में संभालता था
लॉरेंस के करीबीयों की मानें तो इंदरप्रीत सिंह उर्फ पैरी लॉरेंस और गोल्डी बराड़ के लिए चंडीगढ़, पंचकूला और मोहाली में गैंग संभालता था। ट्राईसिटी के कई नामी क्लब, डिस्कोथेक और बार से पैरी रंगदारी लेकर गैंग तक पहुंचाता था। मार्च 2022 में चंडीगढ़ पुलिस ने पैरी को रंगदारी मांगने के मामले में दबोचा था। उस समय भी पैरी पर शहर के आढ़तियों, ट्रांसपोर्टरों और क्लब संचालकों से रंगदारी मांगने के मामले सामने आए थे। पैरी को चंडीगढ़ पुलिस ने मार्च 2022 में आर्म्स एक्ट केस में गिरफ्तार किया था। उसके कब्जे से दो पिस्तौल बरामद किए थे। इस मामले में वह करीब 2 महीने बुड़ैल जेल में रहा, जिसके बाद उसकी जमानत हो गई।