वीडियो में प्रीत कौर ने बताया कि उसके पिता सुरजीत सिंह वासी हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी ने उसे नहर में धक्का दे दिया और वह डूब गई। अचानक उसके हाथ खुल गए और वह पानी के ऊपर आ गई। तभी एक लोहे नुमा चीज का उसे सहारा मिल गया।
उसके पकड़कर वह जैसे तैसे नहर के किनारे पहुंची और घास को पकड़कर बाहर निकली। इसी दौरान दो युवक व एक महिला ने उसे लिफ्ट दी। उसने यह नहीं बताया कि वह इतने दिन कहां थी सिर्फ इतना कहा है कि बीमार थी और उसका इलाज चल रहा था।
जितना पिता कसूरवार हैं उतनी ही उसकी मां लेकिन वह चाहती है कि उसकी हत्या के आरोपों से उन्हें बरी कर दिया जाए। साथ ही प्रीत कौर ने पुलिस से सुरक्षा भी मांगी है। कहा है कि उसे किसी रिश्तेदार पर भरोसा नहीं है। वह जीना चाहती है।