परिवार को विनोद की बीमारी के बारे में दोस्तों से पता चला
विनोद के पिता करतार सिंह का कहना है कि विनोद सात महीने बाद अमेरिका पहुंचा, क्योंकि उसने सात महीने तक जंगलों का सफर तय किया था और लंबी यात्रा के बाद वह अमेरिका पहुंचा था। अमेरिका पहुंचने के एक महीने बाद उसे कैंसर जैसी गंभीर बीमारी हो गई। यह बात उन्हें विनोद के साथ रहने वाले दोस्तों से पता चली थी। काफी समय तक विनोद का इलाज उसके दोस्तों ने एक दूसरे की मदद से कराया, लेकिन आखिरकार इस बीमारी से लड़ते हुए विनोद की मौत हो गई।
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विनोद सिंह की फाइल फोटो।
- फोटो : संवाद
दोस्तों ने ही विनोद के शव को भारत भेजा
विनोद की मां संतोष की नम आंखें अभी भी अपने बेटे का इंतजार कर रही हैं। उन्होंने बताया कि उनके दोस्तों ने पैसे इकट्ठा करके मृतक विनोद सिंह का शव भारत भेजा। इसके लिए उन्होंने उसके दोस्तों का आभार जताया है। उन्होंने सरकार और सामाजिक सेवा संगठनों से वित्तीय सहायता की मांग की है।