इन सभी यात्रियों ने सोने को ड्रिल मशीन, जूसर-मिक्सर ग्राइंडर, प्लास और इलेक्ट्रिक प्रेस में छिपा कर रखा था। सामान में सोने को पिघला कर उसको पतरों के रूप में इस ढंग से छिपाया गया था कि साधारण जांच में इसकी जानकारी ही न मिल पाती।
हवाई अड्डे पर यात्रियों के सामान की तलाशी के दौरान कुछ नहीं मिला। हालांकि कपड़े के बैग में रखे इलेक्ट्रिक सामान की गहनता से जांच की गई तो छुपाए गए सोने की जानकारी हुई।
सोने पर काले रैपर चढ़ाए थे। तस्करी में शामिल सभी यात्रियों ने एक ही तरीके से सोने को छिपाया था। जानकारी के अनुसार चार यात्रियों की तलाशी के दौरान साढ़े आठ किलो ग्राम और एक यात्री से डेढ़ किलो सोना बरामद हुआ है। सीमा शुल्क विभाग ने गिरफ्तार तस्करों की पहचान बताने से इंकार कर दिया है।
पहले भी बरामद हो चुका है सोना
चार मार्च को अमृतसर एयरपोर्ट से तीन लोगों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से पौने दो किलो सोना बरामद किया गया था। इसकी कीमत 84 लाख रुपये थी। तीन दिसंबर 2019 को दो यात्रियों को हिरासत में लेकर उनके कब्जे से तीन किलो सोना बरामद किया गया था। सोने की कीमत एक करोड़ 30 लाख रुपये थी। 19 अक्तूबर 2019 को 1124 ग्राम सोने के साथ एक व्यक्ति गिरफ्तार किया गया था।