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श्री गुरु राम दास जी के प्रकाश पर्व पर सजाया गया नगर कीर्तन

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श्री गुरु रामदास जी के प्रकाश पर्व को लेकर अमृतसर के दरबार साहिब से निकलता नगर कीर्तन। - फोटो : AMRITSAR
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अमृतसर। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने सभा-सोसाइटियों व संगत के सहयोग से श्री गुरु राम दास जी के प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में विशाल नगर कीर्तन सजाया। श्री अकाल तख्त साहिब से पंज प्यारों की अगुवाई में शुरू हुए नगर कीर्तन के आगे खालसाई जयकारों के बीच हुई फूलों की वर्षा से सचखंड श्री हरमंदिर साहिब में नतमस्तक होने आई संगत भाव विभोर हो र्गई।
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इस पावन अवसर पर श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के पावन स्वरूप सोने की पालकी साहिब में सुशोभित करने की सेवा सचखंड श्री हरमंदिर साहिब के मुख्य ग्रंथी ज्ञानी जगतार सिंह ने निभाई। संगत ने पावन पालकी साहिब पर फूलों की वर्षा की। सतनाम वाहेगुरु का जाप करते हुए संगत ने नगर कीर्तन के साथ सचखंड की पवित्र परिक्रमा के लिए पहुंचा। जब नगर कीर्तन सचखंड की परिक्रमा कर रहा था, उस समय फूलों की वर्षा श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी।
शहर की सभा-सोसाइटियों ने नगर कीर्तन का शानदार स्वागत किया। इस दौरान नगर कीर्तन के रास्तों को खूबसूरती से सजाया गया था। संगत व सभा सोसाइटियों ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब के पावन स्वरूपों को रुमाला साहिब भेंट किए। पंज प्यारों व निशानची सिंहों को सिरोपे भेंट किये गए। नगर कीर्तन में एसजीपीसी के सभी कर्मचारी व अधिकारी दस्तारों में धन श्री गुरु राम दास जी लिखी हुई पट्टी सजाकर शामिल हुए। इस अवसर पर श्री अकाल तख्त साहिब के पूर्व जत्थेदार ज्ञानी गुरचरण सिंह, मुख्य ग्रंथी श्री अकाल तख्त साहिब ज्ञानी गुरमुख सिंह सहित कई एसजीपीसी सदस्य भी शामिल हुए
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25 से 30 टन फूलों से सजाया जायेगा सचखंड श्री हरिमंदर साहिब
श्री गुरु राम दास जी के पावन प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में सचखंड श्री हरमंदिर साहिब के मुख्य भवन से लेकर पूरे परिसर को देश-विदेश के फूलों से सजाने का काम शनिवार शुरू हो गया। बीते कुछ वर्षों से श्री गुरु राम दास जी के पावन प्रकाश पर्व पर दिल्ली व मुंबई की संगत मिलकर सचखंड परिसर को अलग-अलग फूलों से सजाने की सेवा कर रही है। फूलों को सजाने के लिए उत्तर प्रदेश व कोलकाता से कई कारीगर गुरु नगरी पहुंच चुके हैं। शनिवार को कारीगरों ने श्री अकाल तख्त साहिब व दर्शनी ड्योढ़ी से लेकर मुख्य भवन तक के रास्ते के दोनों तरफ फूल लगाने का काम शुरू कर दिया है। फूलों की सजावट के लिए लगभग 50 किस्म के फूल जिसमें गुलाब, कार्निशन, लिली, मैरीगोल्ड, रजनीगंधा, जैसमीन, गुलदाउदी और जरवेरा आदि विशेष हैं, का उपयोग किया जाएगा। इस बार कोलकाता, बंगलूरू, पूना और केरल समेत अन्य राज्यों से फूल मंगवाए हैं। श्री दरबार साहिब परिसर को फूलों से सजाने के लिए 25 से 30 टन फूलों का इस्तेमाल किया जाएगा। मुंबई निवासी केके शर्मा फूलों की सेवा करवाते हैं।
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